Pakistan Cricket Team: पाकिस्तान क्रिकेट टीम में सेलेक्शन के लिए खिलाड़ियों की सिफारिश को लेकर कई बार खबरें सामने आई हैं. ऐसा कई बार हुआ है, जब कुछ खिलाड़ियों के सेलेक्शन पर भी उंगलियां उठी हैं. स्टेडियम में भी कई बार फैन्स ने कुछ सिफारिशी प्लेयर्स को देखकर उन्हें 'पर्ची-पर्ची' कहकर चिढ़ाया है. पर्ची प्लेयर का मतलब सिफारिशी प्लेयर ही होता है.
अब इसी सिफारिश को लेकर पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के अध्यक्ष नजम सेठी ने सख्त कदम उठाया है. उन्होंने सोशल मीडिया पर ट्वीट कर लोगों को वॉर्निंग दी है कि किसी भी प्लेयर या व्यक्ति की जॉब के लिए सिफारिश ना करें. यानी अब पीसीबी में सिफारिश मान्य नहीं होगी.
PSL मैचों के फ्री टिकट या पास भी नहीं मिलेंगे
नजम सेठी ने दो ट्वीट किए. इनमें कहीं ना कहीं उन्होंने यह तो मान ही लिया है कि पाकिस्तान क्रिकेट टीम में सेलेक्शन के लिए सिफारिश चलती है. लोगों की जॉब के लिए भी सिफारिश होती है. तभी नजम सेठी को यह कदम उठाना पड़ा और वॉर्निंग देनी पड़ी है. नजम सेठी ने साथ ही कहा है कि अब पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) में भी मैचों के पास किसी को भी फ्री में नहीं दिए जाएंगे.
पीसीबी के अध्यक्ष ने पहला ट्वीट किया, जिसमें स्पष्ट तौर पर कह दिया है कि कोई भी करीबी दोस्त हो या रिश्तेदार, किसी को भी पीएसएल मैचों के फ्री पास नहीं मिलेंगे. नजम सेठी ने फ्री पास नहीं बांटने का कारण भी बताया है. उन्होंने कहा है कि नेशनल असेंबली की तरफ से फ्री पास की परंपरा से बचने के लिए हिदायत दी गई है.
2) I am also requesting friends and high-ups not to do sifarish for selection of any player or coach, etc, or to give employment or facilitation to any undeserving person. PCB competes with top professional organisations in the world and cannot afford to be inefficient.
— Najam Sethi (@najamsethi) January 20, 2023
पीसीबी अध्यक्ष नजम सेठी ने लगातार दो ट्वीट किए
नजम सेठी ने पहले ट्वीट में लिखा, 'मैं सभी दोस्तों और उच्च-अधिकारियों से व्यक्तिगत तौर पर यह निवेदन करना चाहता हूं कि वो अगले महीने से शुरू होने वाले PSL सीजन के दौरान मैचों के फ्री टिकट या पास ना मांगें. पीसीबी का ऑडिट करने वाली नेशनल असेंबली की लोक लेखा समिति ने हमें इस परंपरा से दूर रहने के लिए वॉर्निंग दी है.'
अपने दूसरे ट्वीट में नजम सेठी ने लिखा, 'मैं अपने दोस्तों और उच्च-अधिकारियों से यह भी निवेदन करता हूं कि टीम में सेलेक्शन के लिए किसी खिलाड़ी, कोच या किसी और की भी कोई सिफारिश ना करें. कर्मचारियों की भर्ती और सम्मान-सुविधा के लिए भी सिफारिश ना करें. पीसीबी वर्ल्ड के टॉप प्रोफेशनल ऑर्गनाइजेशंस से प्रतिस्पर्धा करती है. ऐसे में अयोग्य होने का खतरा मोल नहीं ले सकते.'