फीफा वर्ल्ड कप 2022 के पहले सेमीफाइनल मुकाबले में अर्जेंटीना का सामना क्रोएशिया से होना है. मंगलवार (13 दिसंबर) को होने वाले इस मुकाबले में सबकी निगाहें कप्तान लियोनेल मेसी पर होंगी जो अपना आखिरी वर्ल्ड कप खेल रहे हैं. वैसे भी अर्जेंटीना की टीम 36 सालों से वर्ल्ड कप खिताब नहीं जीत पाई है, ऐसे में अगले दो मुकाबले जीतकर मेसी की टीम इस सूखे को खत्म करना चाहेगी.
यदि अबकी बार अर्जेंटीना खिताब नहीं जीती तो मेसी का तो सपना टूट ही जाएगा, साथ ही अर्जेंटीनी फुटबॉल के लिए यह काफी बड़ा सेटबैक होगा. लियोनेल मेसी ने अपने क्लब के साथ-साथ अर्जेंटीना के लिए कई बड़े खिताब जीते हैं ऐसे में वर्ल्ड कप ट्रॉफी उनके सुनहरे करियर में चार चांद लगा देगी.
35 साल के लियोनेल मेसी का यह पांचवां वर्ल्ड कप है. मेसी के लिए बेस्ट रिजल्ट 2014 के वर्ल्ड कप में रहा था, जहां अर्जेंटीना की टीम जर्मनी से हारकर रनर-अप रही थी. इसके अलावा बाकी के तीन वर्ल्ड कप में टीम का प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा था. वैसे, क्रोएशिया के खिलाफ अर्जेंटीन की राह आसान नहीं रहेगी क्योंकि जिस तरह से उसने वापसी करते हुए वर्ल्ड नंबर-1 ब्राजील को हराया था वो वाकई हैरतअंगेज कर देने वाला था.
अच्छी बात यह है कि लियोनेल मेसी खुद शानदार खेल दिखा रहे है. मेसी ने पांच मुकाबलों में चार गोल दागे हैं. मेसी ने सऊदी अरब, मेक्सिको, ऑस्ट्रेलिया और नीदरलैंड के खिलाफ गोल दागा था. यदि अर्जेंटीना की टीम अपना सेमीफाइनल मुकाबला जीत लेती है तो उसकी टक्कर मोरक्को और फ्रांस के बीच होने वाले दूसरे मुकाबले के विजेता से होगा.
अर्जेंटीना की टीम को अपने पहले ही मुकाबले में सऊदी अरब के खिलाफ 1-2 से हार का सामना करना पड़ा था. लेकिन उसके बाद से उसने लगातार चार मुकाबले जीते हैं. सबसे पहले उसने मेक्सिको और पोलैंड दोनों को ही 2-0 के अंतर से हराकर प्री-क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई. फिर प्री-क्वार्टर फाइनल में अर्जेंटीना ने ऑस्ट्रेलिया को 2-1 से हराकर अंतिम-8 में जगह बनाई. फिर क्वार्टर फाइनल में उसने नीदरलैंड को पेनल्टी शूटआउट में 4-3 से पराजित किया.
अर्जेंटीना की टीम अबतक सिर्फ दो मौके पर वर्ल्ड कप खिताब जीत पाई है. वहीं, तीन बार (1930, 1990, 2014) वह फाइनल में पहुंचने में कामयाब रही है. साल 1978 में डेनियल पसारेला की कप्तानी में अर्जेंटीना ने पहली बार खिताब जीता था. तब फाइनल मुकाबले में मेजबान अर्जेंटीना ने नीदरलैंड को 3-1 से पराजित किया था.
फिर साल 1986 में डिएगो माराडोना की कप्तानी में अर्जेंटीना की टीम ने दूसरी बार चैम्पियन रही. तब फाइनल मुकाबले में अर्जेंटीना ने वेस्ट जर्मनी को 3-2 से हराया था. उसके बाद से अर्जेंटीना की टीम को खिताब का इंतजार है.