पेरिस ओलंपिक 2024 में प्रतिस्पर्धाएं शुरू हो चुकी हैं. पहले दिन (27 जुलाई) भारतीय शूटर्स से मेडल की उम्मीद थी, लेकिन उन्होंने निराश किया. 10 मीटर एयर राइफल मिक्स्ड टीम इवेंट में भारत की दोनों जोड़ियां फाइनल के लिए भी क्वालिफाई नहीं कर सकीं. इलावेनिल वलारिवन और संदीप सिंह 12वें स्थान पर रहे. वहीं रमिता जिंदल और अर्जुन बाबुता ने छठा स्थान हासिल किया. रमिता-अर्जुन ने कुल मिलाकर 628.7 अंक हासिल किए. जबकि इलावेनिल-संदीप 626.3 अंक जुटा पाए.
टॉप-4 टीमें ही पहुंची फाइनल में
बता दें कि टॉप-4 टीमों ने ही 10 मीटर एयर राइफल मिक्स्ड टीम इवेंट में मेडल राउंड के लिए क्वालिफाई किया. इस इवेंट का फाइनल 27 जुलाई को ही होना है. ध्यान रहे कि भारत के लिए आज सिर्फ यही एक मेडल इवेंट था. भारत की ओर से ओलंपिक गेम्स के पहले दिन मेडल जीतने का रिकॉर्ड वेटलिफ्टर मीराबाई चानू के नाम हैं. चानू ने टोक्यो ओलंपिक 2020 के पहले दिन सिल्वर मेडल जीता था.
🇮🇳 Update: 10M AIR RIFLE MIXED TEAM QUALIFICATION Results 👇🏼
- Ramita Jindal and Arjun Babuta finished 6th with a score of 628.7
- Elavenil Valarivan and Sandeep Singh finished 12th with a score of 626.3
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10 मीटर एयर राइफल मिक्स्ड टीम इवेंट में भारतीय निशानेबाजों का प्रदर्शन
रमिता जिंदल- पहली सीरीज: 104.6, दूसरी सीरीज 104.4, तीसरी सीरीज 105.5, कुल: 314.5 अंक
अर्जुन बाबुता- पहली सीरीज: 104.1, दूसरी सीरीज 106.2, तीसरी सीरीज 103.9, कुल: 314.2 अंक
इलावेनिल वलारिवन- पहली सीरीज: 103.4, दूसरी सीरीज 104.7, तीसरी सीरीज 104.5, कुल: 312.6 अंक
संदीप सिंह- पहली सीरीज: 104.1, दूसरी सीरीज 105.3, तीसरी सीरीज 104.3, कुल: 313.7 अंक
शूटिंग में भारत के चार मेडल
भारत ने अभी तक निशानेबाजी में कुल 4 ओलंपिक पदक जीते हैं. पिछले दो ओलंपिक में खाता खाली रहा, जिससे रिकॉर्ड 21 सदस्यीय भारतीय दल पर उम्मीदों का अतिरिक्त दबाव बढ़ गया. लेकिन इस बार ओलंपिक में पदार्पण करने वाले निशानेबाजों से भरी टीम पिछले प्रदर्शन के बोझ से मुक्त होकर शुक्रवार को फ्रांस के शेटौरॉक्स में निशानेबाजी प्रतियोगिता में होने वाली परीक्षा में सफल होने का लक्ष्य बनाकर उतरी है.
भारतीय राष्ट्रीय निशानेबाजी महासंघ (NRAI) टीम चुनने के लिए मौजूदा फॉर्म को तरजीह दी है और उसे उम्मीद है कि इस बार वे यहां पदक जीतेंगे. इसलिए ही कोटा विजेताओं को भी ट्रायल में उतारा गया. जिसमें कम अनुभवी संदीप सिंह ने 2022 के विश्व चैम्पियन रुद्रांक्ष पाटिल को पछाड़ दिया, जिन्होंने 10 मीटर एयर राइफल में भारत के लिए कोटा हासिल किया था.
पाटिल ने एनआरएआई को पत्र लिखकर ट्रायल में बरकरार रखने की बात रखी, लेकिन महासंघ अपने फैसले पर अड़ा रहा. मनु भाकर, ऐश्वर्य प्रताप सिंह तोमर, अंजुम मौदगिल और इलावेनिल वलारिवान को छोड़कर अन्य सभी निशानेबाज पहली बार ओलंपिक मंच का अनुभव करेंगे.
मनु भाकर-सिफ्त कौर से उम्मीदें
भारत 15 निशानेबाजी स्पर्धाओं में हिस्सा ले रहा है. विश्व स्पर्धाओं में कई पदक जीत चुकी 22 साल की मनु टोक्यो ओलंपिक में 10 मीटर एयर पिस्टल क्वालिफिकेशन में पिस्टल में आई खराबी से उबर नहीं सकी थीं. लेकिन इस बार वह बेहतर प्रदर्शन करना चाहेंगी, वह तीन स्पर्धाओं में हिस्सा लेंगी जिसमें 10 मीटर एयर पिस्टल, 25 मीटर पिस्टल और 10 मीटर पिस्टल मिश्रित टीम शामिल हैं.
भारत को मुख्य रूप से चुनौती चीन से मिलेगी जो विभिन्न स्पर्धाओं में 21 निशानेबाज उतार रहा है. एक अन्य महिला निशानेबाज सिफ्त कौर सामरा पर भी सबकी नजर होंगी, जिन्होंने एशियाई खेलों में 50 मीटर राइफल थ्री पोजीशन में स्वर्ण पदक जीता था.अनुभवी निशानेबाजों में से एक मौदगिल वापसी कर रही हैं और महिलाओं की 50 मीटर राइफल थ्री पोजीशन में सिफत के साथ खेलेंगी. 20 साल की रिदम सांगवान 10 मीटर एयर पिस्टल और 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित टीम दो स्पर्धाओं में हिस्सा लेंगी.