scorecardresearch
 

वायरस का खतरा... 'बेस्ट ऑफ थ्री' की मांग, पर ऑस्ट्रेलियाई ओपन में बदलाव नहीं

ऑस्ट्रेलियाई ओपन के टूर्नामेंट निदेशक क्रेग टिले ने प्रतियोगिता से जुड़ी उड़ानों में कोविड-19 के तीन नए मामले मिलने के बावजूद सत्र के पहले ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट के प्रारूप में बदलाव से इनकार किया है.

Advertisement
X
Men's world number one tennis player Novak Djokovic gestures from his hotel balcony in Adelaide (Getty)
Men's world number one tennis player Novak Djokovic gestures from his hotel balcony in Adelaide (Getty)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • टूर्नामेंट निदेशक ने टूर्नामेंट में बदलाव से इनकार किया
  • पुरुषों के लिए तीन सेट के मैच की मांग रखी गई थी
  • 72 खिलाड़ियों को कड़े पृथकवास में रखा गया है

ऑस्ट्रेलियाई ओपन के टूर्नामेंट निदेशक क्रेग टिले ने प्रतियोगिता से जुड़ी उड़ानों में कोविड-19 के तीन नए मामले मिलने के बावजूद इस साल के पहले ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट के प्रारूप में बदलाव से इनकार किया है.

Advertisement

ऑस्ट्रेलियाई ओपन में अभी अन्य ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंटों की तरह पुरुषों के लिए 5 सेट (बेस्ट ऑफ फाइव) और महिलाओं के लिए 3 सेट (बेस्ट ऑफ थ्री) के मुकाबले होते हैं, लेकिन कोविड-19 के कारण खिलाड़ियों को अभ्यास का मौका नहीं मिल रहा है. इसलिए पुरुष वर्ग के प्रारूप में बदलाव की मांग उठ रही है.

टिले ने हालांकि मंगलवार को नाइन नेटवर्क टेलीविजन पर कुछ पुरुष खिलाड़ियों की उनके लिए भी ‘बेस्ट ऑफ थ्री’ सेट करने की मांग को नकार दिया.

देखें- आजतक LIVE TV 

उन्होंने कहा, ‘यह ग्रैंड स्लैम है. अभी हम पुराने प्रारूप पर ही कायम हैं, जिसमें पुरुषों को 5 में से 3 और महिलाओं को 3 में से 2 सेट जीतने होते हैं.’

कुछ खिलाड़ियों ने लॉकडाउन में मुश्किल परिस्थितियों का बखान करने के लिए सोशल मीडिया का सहारा लिया है. अभी 72 खिलाड़ियों को कड़े पृथकवास में रखा गया है, क्योंकि वे जिन उड़ानों से मेलबर्न पहुंचे थे ,उनमें कोराना वायरस के कुल मिलाकर 9 मामले मिले थे.

Advertisement

खिलाड़ियों के लिए अच्छी खबर यह है कि इनमें से कुछ को 14 दिनों के पृथकवास से पहले अपने कमरों से बाहर निकलने और अभ्यास करने की अनुमति मिल सकती है.
 

Advertisement
Advertisement