टोक्यो ओलंपिक में 69 किग्रा वर्ग बॉक्सिंग में ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाली लवलीना ने आजतक से बातचीत में कई राज खोले. उन्होंने कहा कि टोक्यो ओलंपिक में ब्रॉन्ज जीतने से वो संतुष्ट नहीं हैं और 2024 ओलंपिक में उनका लक्ष्य गोल्ड पर है. टोक्यो ओलंपिक में मेडल जीतने वाले खिलाड़ियों के सम्मान में आजतक के खास कार्यक्रम 'जय हो' (Jai Ho) के दौरान उन्होंने ये बात कही.
आजतक के खास कार्यक्रम में लवलीना ने बताया कि 15 साल की उम्र में उन्होंने बाक्सिंग की शुरुआत की, जब वो 9वीं क्लास की छात्रा थीं. तब से लेकर ओलंपिक तक के सफर में कैसे उन्होंने सपना बुना और उसे साकार किया. उन्होंने कहा कि टोक्यो ओलंपिक में मेडल जीतने के बाद भी वो संतुष्ट नहीं हैं.
कोई देश के लिए आपकी तरह ही बाक्सिंग में मेडल जीतना चाहता है तो उसे क्या करना चाहिए? इस पर उन्होंने कहा, 'ओलंपिक में अगर कोई मेडल जीतना चाहता है तो उसे पहले से तैयारी करनी चाहिए. अगर लक्ष्य पर सही से मेहनत की जाए तो ओलंपिक तक के सफर के लिए कम से कम 4 साल का समय लगेगा, हालांकि मुझे 8 साल लग गए.'
लवलीना ने बताया कि उन्हें मेडल तक के सफर को पूरा करने में काफी मेहनत करनी पड़ी. उन्होंने कहा, 'जब ओलंपिक के लिए क्वालिफाई होकर आए तो लॉकडाउन लग गया. ऐसे में 7 महीना बंद रहना पड़ा. बाद में इक्विपमेंट भेजा गया. करीब 6 महीन बाद कैंप स्टार्ट हुआ. पहले मेरी तबीयत खराब हुई फिर मेरी मम्मी की तबीयत खराब हो गई. ऐसे में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा.'
परिवार के बारे में बताते हुए लवलीना ने कहा कि उनकी एक बहन बीएसएफ में और एक सीआईएसएफ में हैं. बहुत सारे लोग स्पोर्ट्स में नौकरी के लिए आते हैं. लेकिन मैंने सोचा था कि जब तक ओलंपिक में मेडल नहीं लाती तब तक जॉब नहीं करूंगी. अब जॉब के लिए सोच रही हूं.
लवनीना से जब पूछा गया कि आपका परिवार और आपने ओलंपिक तक के सफर के लिए काफी मेहनत की. आपकी पारिवारिक पृष्ठभूमि भी ऐसी थी कि बड़ी मशक्कत करनी पड़ी, ऐसे में आपकी कहनी फिल्म बनाने लायक है. क्या आप पर बायोपिक बननी चाहिए..?
इस पर लवलीना ने कहा कि फिलहाल इसमें मेरी कोई रुचि नहीं है. मैं सिर्फ और सिर्फ 2024 ओलंपिक पर ध्यान देना चाहती हूं. 2024 ओलंपिक में मुझे गोल्ड जीतकर अपना सपना साकार करना है. इसके लिए मैं अभी से तैयारी में जुट जाऊंगी.
उन्होंने बताया कि वो लगातार मेहनत करती रही हैं और अब टोक्यो ओलंपिक के सफर पूरा होने के बाद वो परिवार के साथ समय बिताना चाहती हैं. इसके लिए वो करीब डेढ़ महीने की छुट्टी लेंगी और परिवार के साथ समय बिताएंगी.