साइबर फ्रॉड की वजह से बहुत लोगों को अपनी मेहनत की कमाई गंवानी पड़ रही है. आज हम आपको साइबर फ्रॉड के नए केस के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसमें एक यूजर्स को सोशल मीडिया पर बैंकिंग संबंधित मदद मांगनी महंगी पड़ी. फिर वह 7.50 लाख रुपये की ठगी के शिकार हो गए.
दरअसल, 26 साल के मार्केटिंग एग्जीक्यूटिव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व नाम Twitter) पर प्राइवेट सेक्टर के बैंक से संपर्क करने की कोशिश की. दरअसल, वह बैंक अकाउंट को लेकर टेक्नीकल मदद चाहता था, लेकिन मदद मिलने की जगह वह एक साइबर फ्रॉड का शिकार हो गया.
दरअसल, साइबर फ्रॉड की कहानी एक बैंक अकाउंट ओपेन करने से शुरू होती है. जहां विक्टिम एक प्राइवेट सेक्टर के बैंक में अपना सैलेरी अकाउंट ओपेन करना चाहते है, लेकिन उसे कुछ परेशानी का सामना करना पड़ता है.
इसके बाद वह 4 अक्टूबर के दिन करीब सुबह 11 बजे X प्लेटफॉर्म पर प्राइवेट बैंक को टैग करते हुए मदद मांगता है. पोस्ट में वह लिखता है कि उसे अकाउंट ओपेन करने में समस्या का सामना करना पड़ रहा है.
X पर पोस्ट करने के बाद विक्टिम के पास एक एक डायरेक्ट मैसेज आता है. इसके बाद दोनों के बीच में फोन कॉल पर बात होती है. फिर स्कैमर्स मदद करने का वादा करता है. फोन कॉल पर बातचीत के दौरान स्कैमर्स विक्टिम को अपने फोन में एक ऐप इंस्टॉल करने का कहता है. इसके बाद वह विक्टिम से ऐप पर कुछ क्यूमेंट और बैंक डिटेल्स मांगता है.
फोन में ऐप इंस्टॉल करने के साथ ही स्कैमर्स को विक्टिम के फोन का रिमोट एक्सेस मिल गया. इसके बाद स्कैमर्स ने यूजर्स के बैंक डिटेल्स को एक्सेस कर लिया.इसके बाद उनके नाम से दो लोन उठा लिए. फिर विक्टिम को मैसेज मिला, फिर उन्हें पता चला कि स्कैमर्स ने उनके नाम से लोन पास करा लिया और उन्हें ठग लिया है. इसके बाद वह पुलिस के पास गए और पूरे मामले की जानकारी दी. इसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.