गैंगस्टर अनिल नागर उर्फ अनिल दुजाना (Anil Dujana, Gangster) मारा 4 मई 2023 को मेरठ (Meerut) में उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (STF) के साथ हुई मुठभेड़ में गया (Anil Dujana Death). पुलिस के मुताबिक, हाल ही में जमानत पर जेल से रिहा हुए दुजाना ने बचने के लिए पुलिस पर फायरिंग की और जवाबी फायरिंग में उसकी मौत हो गई.
अनिल दुजाना का अपराध की दुनिया में उदय भाटी गिरोह (Uday Bhati Gang) से जुड़ने के साथ शुरू हुआ था. 2000 के दशक की शुरुआत में, सुंदर भाटी और दुजाना गाजियाबाद में विवादित संपत्तियों में हस्तक्षेप करके एक बड़े लोहे के जबरन वसूली रैकेट, रेत खनन और पैसे की वसूली का संचालन करता था (Anil Dujana Gang).
22 साल की उम्र में, अनिल दुजाना को पहली बार 2002 में गाजियाबाद के कविनगर पुलिस स्टेशन में एक हत्या के मामले में नामजद किया गया था. दुजाना नोएडा के गौतम बौद्ध नगर के गांव दुजाना का निवासी है (Anil Dujana From Gautam Buddh Nagar). उसके खिलाफ 60 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज थे, जिनमें से 18 हत्या से संबंधित थे. अन्य मामलों में जबरन वसूली, डकैती, जान से मारने की धमकी और अन्य आपराधिक आरोपों के साथ विद्रोह शामिल थे (Anil Dujana Crimes).
दुजाना बड़े पैमाने पर राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में काम करता था और कथित तौर पर उसे पश्चिमी उत्तर प्रदेश का 'छोटा शकील' भी कहा जाता था. उसे आखिरी बार जनवरी 2012 में 2011 के तिहरे हत्याकांड में गिरफ्तार किया गया था (Anil Dujana was Arrested in triple Murder case).
मेरठ में यूपी एसटीएफ से हुई मुठभेड़ में कुख्यात गैंगस्टर अनिल दुजाना गुरुवार को मारा गया. उस पर संगीन गुनाहों के 62 मामले दर्ज थे. इस पर यूपी पुलिस ने 75 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था. अब आपको बताते हैं कि अनिल नागर कैसे बना अनिल दुजाना...
गैंगस्टर अनिल दुजाना के एनकाउंटर को लेकर एडीजी एसटीएफ अमिताभ यश ने अहम जानकारी दी है. उन्होंने कहा कि अनिल दुजाना ऑटोमैटिक हथियारों से घटनाओं का अंजाम देता था. इतना ही नहीं वो जेल के अंदर से भी अपने गैंग को संचालित करता था. दुजाना का 21 साल का आपराधिक इतिहास था.
Anil Dujana: गैंगस्टर अनिल दुजाना को यूपी एसटीएफ ने गुरुवार को मुठभेड़ में मार गिराया था. शुक्रवार को जैसे ही उसका शव दुजाना गांव पहुंचा, कोहराम मच गया. भारी संख्या में लोग उसके अंतिम संस्कार में शामिल हुए. मामले की गंभीरता को समझते हुए भारी संख्या में पुलिस फोर्स की तैनाती की गई थी.