कैप्टन अमरिंदर सिंह, राजनेता
अमरिंदर सिंह जिन्हें सार्वजनिक रूप से कैप्टन अमरिंदर सिंह (Captain Amarinder Singh) के नाम से जाना जाता है, एक भारतीय राजनेता हैं, जिन्होंने पंजाब के 15वें मुख्यमंत्री के रूप में कार्य किया (Captain Amarinder Singh Former CM of Punjab). वे पटियाला से विधान सभा के एक निर्वाचित सदस्य और पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष भी थे. उन्होंने इससे पहले 2002 से 2007 तक पंजाब के मुख्यमंत्री के रूप में भी कार्य किया है. उनके पिता पटियाला रियासत के अंतिम महाराजा थे (Captain Amarinder Singh Son of the last Maharaja of the princely state of Patiala). उन्होंने 1963 से 1966 तक भारतीय सेना में भी सेवा दी है. कैप्टन सिंह ने 18 सितंबर 2021 को पंजाब के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया.
कैप्टन अमरिंदर का जन्म 11 मार्च 1942 को हुआ. वह महाराजा सर यादविंदर सिंह और पटियाला की महारानी मोहिंदर कौर के पुत्र हैं (Captain Amarinder Singh Age and Family). दून स्कूल, देहरादून जाने से पहले उन्होंने लोरेटो कॉन्वेंट, तारा हॉल, शिमला और लॉरेंस स्कूल, सनावर में पढ़ाई की (Captain Amarinder Singh Education). उनकी पत्नी, परनीत कौर 2009 से अक्टूबर 2012 तक विदेश राज्य मंत्री रहीं (Captain Amarinder Singh’s Wife). उनका एक बेटा रणिंदर सिंह और एक बेटी जय इंदर कौर है (Captain Amarinder Singh’s Children).
सिंह ने राष्ट्रीय रक्षा अकादमी और भारतीय सैन्य अकादमी से स्नातक होने के बाद जून 1963 से दिसंबर 1966 तक भारतीय सेना में कार्य किया. उन्हें सिख रेजिमेंट में कमीशन दिया गया था. उन्होंने अपने परिवार की देखभाल के लिए 1965 की शुरुआत में सेना छोड़ दी लेकिन 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध की शुरुआत के साथ सेवा में लौट आए थे (Captain Amarinder Army Career).
उन्हें राजीव गांधी द्वारा कांग्रेस में शामिल किया गया था, जो स्कूल से उनके दोस्त थे और पहली बार 1980 में लोकसभा के लिए चुने गए थे. 1984 में, उन्होंने ऑपरेशन ब्लू स्टार (Operation Blue Star) के दौरान सेना की कार्रवाई के विरोध में संसद और कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था. इसके बाद, वह शिरोमणि अकाली दल में शामिल हो गए और राज्य सरकार में कृषि, वन, विकास और पंचायत मंत्री बने. वे 1999 से 2017 तक तीन मौकों पर पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष रहे और 2002 से 2007 तक पंजाब के मुख्यमंत्री भी रहे. 11 मार्च 2017 को कांग्रेस पार्टी ने उनके नेतृत्व में राज्य विधानसभा चुनाव जीता और उन्होंने 16 मार्च 2017 को पंजाब के 26वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली. 18 सितंबर 2021 को, उन्होंने पंजाब के मुख्यमंत्री के रूप में इस्तीफा दे दिया. 28 अक्टूबर 2021 को, उन्होंने घोषणा की कि वह जल्द ही एक नई पार्टी बनाएंगे और वह भारतीय जनता पार्टी के साथ गठबंधन करेंगे. अमरिंदर सिंह ने 2 नवंबर 2021 पंजाब लोक कांग्रेस (Captain Amarinder Singh’s New Party Punjab Lok Congress) का गठन किया और उनकी पार्टी के 2022 पंजाब विधानसभा चुनाव में सभी 117 सीटों पर चुनाव लड़ने की घोषणा की (Captain Amarinder Singh Political Career).
उनका ऑफिशियल ट्विटर हैंडल @capt_amarinder है. उनके फेसबुक पेज का नाम Captain Amarinder Singh है. वे इंस्टाग्राम पर capt_amarindersingh यूजरनेम से एक्टिव हैं.
पंजाब बीजेपी के सीनियर नेता और पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह कई महीनों के बाद फिर से पॉलिटिक्स में एक्टिव हो गए हैं. कैप्टन अमरिंदर सिंह ने दिल्ली में गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की. उन्होंने खुद अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट कर इस बात की जानकारी दी. देखें पंजाब आजतक.
भारत और कनाडा के बीच संबंधों में तब खटास आ गई जब जस्टिन ट्रूडो ने पिछले साल कनाडाई संसद में आरोप लगाया कि खालिस्तानी आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारत सरकार के एजेंटों की संलिप्तता है. भारत ने ट्रूडो के आरोपों को बेतुका और प्रेरित बताते हुए सिरे से खारिज कर दिया.
कैप्टन अमरिंदर सिंह ने हाल ही में जस्टिन ट्रूडो पर प्रहार करते हुए कहा कि ट्रूडो खालिस्तानियों के हाथों में खेल रहे हैं और अपने राजनीतिक लाभ के लिए ऐसा कर रहे हैं. सिंह ने कहा कि ट्रूडो का यह रुख चिंताजनक है और इससे भारत-कनाडा संबंधों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है. सिंह ने पंजाब के सीएम भगवंत मान की भी आलोचना की. देखें वीडियो.
पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता कैप्टन अमरिंदर सिंह की बेटी ने सीएम भगवंत मान के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. लॉ एंड ऑर्डर और महिला सुरक्षा के मुद्दे पर अमरिंदर सिंह की बेटी ने चंडीगढ़ में महिलाओं के साथ जमकर प्रदर्शन किया. इस दौरान उन्होंने बीच सड़क पर बैठकर प्रदर्शन भी किया. देखें 'पंजाब आजतक'.
चंपाई सोरेन का नई राजनीतिक पार्टी बनाने का फैसला काफी जोखिम भरा हो सकता है. आगे बढ़ने से पहले उनको कम से कम दो नेताओं बाबूलाल मरांडी और कैप्टन अमरिंदर सिंह का ट्रैक रिकॉर्ड जरूर देखना चाहिये - वैसे, विकल्प तो और भी हो सकते हैं.
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने अपनी पार्टी बनाने का ऐलान कर दिया है. चंपाई का बीजेपी में जाने की बजाय नई पार्टी बना लेना कैसे झारखंड मुक्ति मोर्चा और हेमंत सोरेन की मुश्किलें ज्यादा बढ़ाएगा?
परिनीत कौर और हरसिमरत कौर बादल पंजाब के 2 बेहद महत्वपूर्ण घरानों की महिलाएं हैं. दोनों का ही बीजेपी से महत्वपूर्ण रिश्ता है. हरसिमरत कौर का बीजेपी से 2 दशकों का नाता रहा है पर अब छत्तीस का आंकड़ा है. परिणीत कौर अब बीजेपी के साथ हैं पर उनकी कांग्रेस के साथ रही पहचान नहीं खत्म हो रही है.
लोकसभा चुनाव में बीजेपी ने कांग्रेस, सपा, बसपा, आम आदमी पार्टी से आए नेताओं को भी दिल खोलकर टिकट दिए हैं. ज्योतिरादित्य सिंधिया और जितिन प्रसाद से लेकर नीरज शेखर तक, दूसरे दलों से आए नेता लोकसभा चुनाव में बीजेपी के खेवनहार बनेंगे?
पंजाब के पटियाला से सांसद और कैप्टन अमरिन्दर सिंह की पत्नी परनीत कौर ने बीजेपी का दामन थाम लिया है. इससे पहले वो कांग्रेस पार्टी से सांसद थीं. उन्होंने बीजेपी की सदस्यता लेते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि हम उससे जुड़ें, जो हमारे बच्चों का बेहतर भविष्य सुनिश्चित करने में सक्षम हैं. देखें वीडियो.
लोकसभा चुनाव से ठीक पहले पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की पत्नी परनीत कौर ने भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया है. वो पटियाला से सांसद थीं.
हिमाचल प्रदेश में राज्यसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस को बहुमत में होने के बावजूद हार का सामना करना पड़ा. वहीं बीजेपी ने कांग्रेस के जबड़े से राज्य की एकमात्र राज्यसभा सीट छीन ली. बीजेपी ने इस सीट को हासिल करने के लिए काफी समय पहले ही बिसात बिछा दी थी और उसमें कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अहम भूमिका निभाई थी.
इन दिनों बसंत का मौसम है. शाखों से एक-एक कर पत्ते झर रहे हैं, इन पत्तों के बिना पेड़ सूने होते जा रहे हैं. कमोबेश यही आलम इन दिनों कांग्रेस का भी नजर आ रहा है. क्योंकि देश की सबसे पुरानी पार्टी के दिग्गज नेता एक-एक कर पार्टी छोड़ रहे हैं. हाल ही में महाराष्ट्र के पूर्व सीएम अशोक चव्हाण ने कांग्रेस छोड़ बीजेपी ज्वाइन की थी, अब कमलनाथ को लेकर अटकलों का बाजार गर्म है. कहा जा रहा है कि वह जल्द बीजेपी में शामिल हो सकते हैं.
बीजेपी नेता कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि मैं आग्रह करता हूं कि मस्जिदों और गुरुद्वारों के खिलाफ अभद्र टिप्पणी के लिए हाईकमान संदीप दायमा को तुरंत पार्टी से निष्कासित करे. उनकी माफी का कोई मतलब नहीं है, क्योंकि उनकी टिप्पणियों से पहले ही लोगों को काफी ठेस पहुंची है.
राजस्थान कांग्रेस में अशोक गहलोत ने ऐसी बाड़बंदी कर रखी है कि उनकी मर्जी के बगैर किसी को टिकट न मिल सके. गांधी परिवार के पास अब एक ही विकल्प बचता है, वो चाहें तो राजस्थान को भी पंजाब बना दें. आम आदमी पार्टी की तरह बीजेपी तो पहले से ही घात लगाकर बैठी हुई है.
स्वर्ण मंदिर पहुंचे राहुल गांधी ने मत्था टेकने के बाद सेवा भी की. प्रसाद भी मिला होगा. समझने वाली बात है कि प्रसाद में क्या मिला? जरूरी नहीं कि प्रार्थना में जो मांगा जाये प्रसाद में मिले ही. ये दौरा ऐसे समय हुआ है जब भारत और कनाडा के तीखे रिश्तों के बीच वहां के लोग काफी परेशान हैं.
वसुंधरा राजे की ताकत ही उनकी मुसीबत बनती जा रही है. क्योंकि राजनीति में भी वो वसुंधरा ने अपना एक घराना बना रखा है. बीजेपी नेतृत्व उस घराने को फूटी आंख नहीं देखना चाहता - यही वजह है कि राजस्थान में राजनीति अब आन-बान-शान की लड़ाई बन कर रह गयी है. ऐसी ही एक लड़ाई कांग्रेस ने पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ लड़ी थी. कैप्टन आज कांग्रेस ही नहीं, राजनीति के हाशिये पर हैं.
पंजाब सरकार ने मुख्तार अंसारी को राज्य की जेल में रखने के लिए पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह और पूर्व जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा को वसूली नोट भेज दिया है. AAP सरकार का कहना है कि इसके लिए तत्कालीन सरकार ने 55 लाख रुपये खर्च किए थे, जिनकी वसूली की जाएगी.
उत्तर प्रदेश का माफिया डॉन पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी पंजाब की रोपड़ जेल में बंद था. मुख्तार अंसारी के रोपड़ जेल में बंद रहने के दौरान करीब 55 लाख रुपये उसकी सुविधाओं पर खर्च हुए थे. यह फाइल जब भुगतान के लिए पंजाब सरकार के पास पहुंची तो उन्होंने इसे मंजूरी देने से इनकार कर दिया.
आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री किरण कुमार रेड्डी शुक्रवार को भाजपा में शामिल हो गए. हालिया वर्षों में कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आए मुख्यमंत्रियों की लिस्ट में किरण कुमार रेड्डी का नाम नया है. बता दें कि इससे पहले भी ऐसे कई नेता रहे हैं जो कि एक समय में कांग्रेस की ओर से मुख्यमंत्री बने और फिर बाद में भाजपा में शामिल हो गए.
पंजाब में कानून व्यवस्था को लेकर आम आदमी पार्टी विपक्षी नेताओं के निशाने पर है. बीजेपी और शिअद ने भगवंत मान सरकार पर कानून व्यवस्था नियंत्रण में नहीं होने का आरोप लगाया है. बीजेपी नेता फतेह जंग बाजवा ने आप पर राज्य को चलाने में सक्षम नहीं होने का आरोप लगाया. शिअद के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने कहा कि आज के पंजाब में कोई भी सुरक्षित नहीं है.
कांग्रेस पार्टी ने पंजाब में बड़ा एक्शन लिया है. कांग्रेस की अनुशासन समिति ने सांसद परनीत कौर को पार्टी से सस्पेंड कर दिया है. परनीत कौर पंजाब के पूर्व सीएम और पूर्व कांग्रेस नेता अमरिंदर सिंह की पत्नी हैं.