गिलगित-बाल्टिस्तान (Gilgit Baltistan), पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (POK) का सबसे उत्तरी इलाका है. गिलगित बाल्टिस्तान के लोग पिछले कुछ समय से पाकिस्तान के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए भारत के केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के साथ मिलाए जाने की मांग कर रहे हैं (Protest against Pakistan).
पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के गिलगित-बाल्टिस्तान, पाकिस्तान द्वारा प्रशासित क्षेत्र है. यह कश्मीरी क्षेत्र है जो 1947 से भारत और पाकिस्तान के बीच और भारत और चीन के बीच विवाद का विषय रहा है (Gilgit Baltistan, Subject to dispute, India-Pakaistan). यह दक्षिण में आजाद कश्मीर, पश्चिम में खैबर पख्तूनख्वा प्रांत, उत्तर में अफगानिस्तान के वाखान कॉरिडोर, पूर्व और उत्तर पूर्व में चीन के झिंजियांग क्षेत्र और दक्षिण-पूर्व की ओर भारत प्रशासित केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू और कश्मीर (Jammu Kashmir) और लद्दाख की सीमा बनाती है (Gilgit Baltistan Borders).
गिलगित-बाल्टिस्तान 72,971 वर्ग किमी के क्षेत्र में फैला हुआ है (Gilgit Baltistan Area) पहाड़ी एरिया है. 2013 में इसकी अनुमानित जनसंख्या 1.249 मिलियन थी (Gilgit Baltistan Population). इसकी राजधानी शहर गिलगित है (Gilgit Baltistan Capital). यह क्षेत्र में K2 सहित 14 में से पांच पर्वत शिखर मौजूद हैं, जिसकी ऊंचाई 7,000 मीटर से अधिक हैं. पृथ्वी के ध्रुवीय क्षेत्रों के बाहर दुनिया के तीन सबसे लंबे ग्लेशियर गिलगित-बाल्टिस्तान में पाए जाते हैं (Gilgit Baltistan Mountains).
यहां की मुख्य पर्यटन आकर्षण, ट्रेकिंग और पर्वतारोहण हैं (Gilgit Baltistan Tourism).
पाकिस्तान की अंदरूनी लड़ाइयां खत्म होने का नाम नहीं ले रही हैं. एक तरफ वो अफगान बॉर्डर पर तालिबान का सामना कर रहा है तो वहीं, दूसरी तरफ बलूचिस्तान और गिलगित-बाल्टिस्तान जैसे इलाके अस्थिर हैं. हाल ही में बलूचिस्तान में हुए चरमपंथी हमले में 47 सैनिक मारे गए हैं.
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव के लिए आज पहले चरण की वोटिंग जारी है. ये चुनाव खास है क्योंकि एक दशक बाद राज्य के लोग विधानसभा के लिए वोट कर रहे हैं. कुछ समय पहले हुए आम चुनावों में भी घाटी में जमकर मतदान हुआ था. दूसरी तरफ पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के हाल ही अलग हैं. भारत के खौफ में पाकिस्तान न तो पीओके को अपना पा रहा है, न ही उससे अलग हो रहा है. वो चोर रास्ते से वहां की राजनीति में घुसपैठ किए हुए है.
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर से लगातार परेशान करने वाली खबरें आ रही हैं. वहां के लोगों का आरोप है कि पाकिस्तान उनसे सौतेला व्यवहार करता है. जुल्म और हिंसा का मुद्दा संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (UNHRC) तक जा चुका है. जानिए, पाकिस्तान के दखल वाला कश्मीर कैसा है, और कैसे हैं वहां के हालात.
5 फरवरी को पाकिस्तान कश्मीर एकजुटता दिवस मनाता है. लेकिन आज गिलगित बाल्टिस्तान में लोग सड़कों पर हैं. पाकिस्तान से अपने हक मांग रहे हैं. वहीं जिस कश्मीर पर पाकिस्तान झूठ बोलता आया, वहां अमन और शांति है. लोग और पर्यटक बर्फबारी का आनंद ले रहे हैं. देखें रणभूमि.
इंडो अमेरिकन चैंबर ऑफ कॉमर्स की ओर से आयोजित एक कार्यक्रम में मीडिया से बातचीत में राजदूत गार्सेटी से पाकिस्तान में अमेरिका के राजदूत डोनाल्ड ब्लोम के गिलगित बाल्टिस्तान के गुपचुप दौरे के बारे में सवाल पूछा गया था, जिसके जवाब में गार्सेटी ने कहा कि यह जगह ऐसी नहीं है, जहां पर मैं इस बारे में बात कर सकूं. अमेरिकी राजदूत यहां पहले भी रहे हैं. G20 में भी हमारा प्रतिनिधिमंडल कश्मीर गया था.
शिया धर्मगुरु आगा बाकिर अल-हुसैनी की गिरफ्तारी को लेकर पाकिस्तान के कब्जे वाले गिलगित-बाल्टिस्तान में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया है. प्रदर्शनकारी उनकी रिहाई और काराकोरम राजमार्ग खोलने की मांग के साथ-साथ गृहयुद्ध और भारत में विलय की धमकी दे रहे हैं.
पाकिस्तान की सरकार को पूर्व प्रधानमंत्री पर भरोसा नहीं है, पूर्व प्रधानमंत्री को सरकार पर नहीं, सरकार को सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा नहीं और जनता को सरकार पर नहीं. पाकिस्तान के PoK के बाद अब गिलगित-बाल्टिस्तान में भी लोग भारत जैसे विकास की मांग कर रहे हैं. देखें रिपोर्ट.
गिलगित-बाल्टिस्तान के आखिरी गांव में पाकिस्तानी हुकूमत के खिलाफ लगातार प्रदर्शन हो रहा है. भारत जैसा विकास मांगते हुए प्रदर्शन किया गया. देखें ये रिपोर्ट.
इमरान खान के खिलाफ कार्रवाई के बाद PoK के गिलगित बाल्टिस्तान में बगावत की आवाज उठी है. वहां के लोगों ने कहा है कि अगर एक पूर्व पीएम को इंसाफ नहीं मिल सकता तो ऐसे मुल्क में रहने पर सोचना पड़ेगा. देखें ये वीडियो.
पाकिस्तान में कोहराम जारी है. इमरान खान एक मुकदमे से निकलते नहीं, दूसरे में कार्रवाई शुरू हो जाती है. उन पर संकट कम नहीं हो रहा. इसी आशंका में इमरान खान ने पंजाब के बाहर गिलगित-बाल्टिस्तान से अपने समर्थकों को बुलाना शुरू कर दिया है. देखे.
पाकिस्तान में इमरान खान की गिरफ्तारी को लेकर बवाल बढ़ता जा रहा है. पुलिस अब तक इमरान खान को गिरफ्तार नहीं कर सकी है. इस बीच पाकिस्तान की सूचना मंत्री मरियम औरंगजेब ने दावा किया कि इमरान खान गिलगित-बाल्टिस्तान पुलिस फोर्स का इस्तेमाल कर गिरफ्तारी से बच रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि गिलगित-बाल्टिस्तान फोर्स को पंजाब पुलिस पर हमले के लिए तैयार किया जा रहा था.
पाकिस्तान में आटे-दाल के भाव आसमान पर हैं. रोजी-रोटी के लिए तंगहाली है. इन सबके विरोध में गिलगित बालटिस्तान में नाराज लोगों ने आगजनी की और पाकिस्तान सरकार के खिलाफ नारे लगाए.
पाकिस्तान कंगाली से जूझ रहा है. यहां की जनता दाने-दाने को मोहताज नज़र आ रही है. आटे के लिए लोग लड़ रहे हैं. पाकिस्तान के इस भयंकर आर्थिक संकट के बीच पाक अधिकृत कश्मीर के लोगों का वीडियो भी वायरल हो रहा है. वो भारत में आने की मांग कर रहे हैं. आखिर क्या है इसका सच? देखें इस वीडियो में.