गिरिजा व्यास (Girija Vyas) एक प्रमुख भारतीय राजनीतिज्ञ, कवयित्री और लेखिका हैं, जिन्होंने भारतीय राजनीति में महत्वपूर्ण योगदान दिया है.
31 मार्च 2025 को, गिरिजा व्यास उदयपुर स्थित अपने घर में गणगौर पूजा के दौरान आरती करते समय दुर्घटनावश झुलस गईं. उनकी चुन्नी में दीपक से आग लग गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गईं. उन्हें तत्काल उदयपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद अहमदाबाद रेफर किया गया.
उनका जन्म 8 जुलाई 1946 को राजस्थान के नाथद्वारा में हुआ था. उन्होंने दर्शनशास्त्र में डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की और मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय, उदयपुर पढ़ाई की.
राजनीतिक करियर की शुरुआत में, 1985 में, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार के रूप में, वह उदयपुर, राजस्थान से विधानसभा के सदस्य के रूप में चुनी गईं और राज्य सरकार में पर्यटन राज्य मंत्री के रूप में कार्य किया. इसके बाद, 1991 में वे उदयपुर से लोकसभा सांसद चुनी गईं और पी. वी. नरसिम्हा राव सरकार में सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय में उप मंत्री रहीं. उन्होंने राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष के रूप में दो कार्यकाल पूरे किए और 2009 में चित्तौड़गढ़ से लोकसभा सांसद बनीं. 2013 में, मनमोहन सिंह सरकार में उन्हें शहरी आवास एवं गरीबी उन्मूलन मंत्री नियुक्त किया गया.
राजनीति के अलावा, गिरिजा व्यास ने साहित्य के क्षेत्र में भी योगदान दिया है. उन्होंने आठ पुस्तकें लिखी हैं, जिनमें तीन काव्य संग्रह शामिल हैं: 'एहसास के पर' (उर्दू कविता संग्रह), 'सीप, समुद्र और मोती' (हिंदी और उर्दू कविताओं का संग्रह), और 'नॉस्टेल्जिया' (अंग्रेजी कविताओं का संग्रह).