पतंजलि आयुर्वेद
पतंजलि आयुर्वेद (Patanjali Ayurved) हरिद्वार, भारत में स्थित एक भारतीय बहुराष्ट्रीय समूह होल्डिंग कंपनी है (Indian Multinational Conglomerate Holding Company). इसकी स्थापना 2006 में स्वामी रामदेव (Ramdev) और बालकृष्ण (Balkrishna) ने की थी (Patanjali Ayurved Founders). इसका कार्यालय दिल्ली में और मुख्यालय हरिद्वार में है (Patanjali Ayurved Headquarters). यह कंपनी सौंदर्य प्रसाधन, आयुर्वेदिक दवा, व्यक्तिगत देखभाल और खाद्य उत्पादों का निर्माण करती है (Patanjali Ayurved Products). 94 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ इस कंपनी के सीईओ बालकृष्ण हैं (Patanjali Ayurved CEO). मई 2021 में, बालकृष्ण की कुल संपत्ति 2.3 बिलियन अमेरिकी डॉलर थी (Balkrishna Net Worth). स्वामी रामदेव कंपनी का प्रतिनिधित्व करते हैं और रणनीतिक निर्णय लेते हैं (Ramdev Represents Patanjali Ayurved).
सीएलएसए और एचएसबीसी के अनुसार, पतंजलि 2016 में भारत में सबसे तेजी से बढ़ने वाली एफएमसीजी कंपनियों में से एक थी . 2020 में इसका मूल्य ₹3,000 करोड़ यानी $480 मिलियन के बराबर था (Patanjali Ayurved Value). पतंजलि ने 2010-11 में जहां ₹100 करोड़ का कारोबार किया, वहीं 2019-20 के वित्तीय वर्ष में कारोबार ₹30,000 करोड़ पहुंच गया (Patanjali Ayurved Annual Turnover). इंडिया इंफोलाइन (IIFL) की एक रिपोर्ट के अनुसार, पतंजलि की सफलता हिंदुस्तान यूनिलीवर, कोलगेट, डाबर, आईटीसी और गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स जैसी से कम से कम 13 सूचीबद्ध कंपनियां प्रभावित हुई हैं.
हरिद्वार में पतंजलि फूड एंड हर्बल पार्क (Patanjali Food and Herbal Park) कंपनी की मेन प्रोडक्शन फैसिलिटी है (Main Production Facility). 2020 में ₹35,000 करोड़ यानी US$5.2 बिलियन की उत्पादन क्षमता के साथ, यह नोएडा, नागपुर और इंदौर में नई उत्पादन इकाइयों के माध्यम से ₹60,000 करोड़ यानी US$9.6 बिलियन के बराबर की क्षमता तक विस्तार कर रहा है (Patanjali Ayurved New Production Units).
मई 2016 में, कंपनी के लगभग 4,700 रिटेल आउटलेट थे (Patanjali Ayurved Retail Outlets). पतंजलि अपने उत्पादों को ऑनलाइन भी बेचता है. कंपनी 9 अक्टूबर 2015 को पिट्टी ग्रुप और फ्यूचर ग्रुप में शामिल हो गई और अपने उत्पादों को फ्यूचर ग्रुप आउटलेट्स में उपलब्ध करा रही है. पतंजलि आयुर्वेद उत्पाद रिलायंस रिटेल, हाइपर सिटी और स्टार बाजार में भी उपलब्ध हैं (Patanjali Ayurved Sales and Distributions).
महाकुंभ 2025 में आयोजित पतंजलि के निशुल्क योग और मेडिटेशन कैम्प में अनगिनत लोगों ने अपनी उपस्थित दर्ज कराई. स्वामी रामदेव ने भक्तों और आध्यात्मिक साधकों को सनातन धर्म के गहन सिद्धांतों को अपनाने के लिए महाकुंभ 2025 में आमंत्रित किया.
पतंजलि योगपीठ के 30 वर्ष पूरे होने पर स्वामी रामदेव ने योग क्रांति की सफलता के बाद पञ्च क्रांतियों का शंखनाद किया. उन्होंने कहा कि शिक्षा, चिकित्सा, आर्थिक, वैचारिक-सांस्कृतिक व रोगों-भोगों-ग्लानि-कुण्ठाओं से आजादी का बड़ा कार्य पतंजलि से प्रारंभ करना है.
पतंजलि विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद्, नैक (NAAC) द्वारा उच्च अंकों के साथ A+ ग्रेड मिला है. पतंजलि विश्वविद्यालय को प्राप्त पेड प्वॉइंट, राष्ट्रीय स्तर पर योग विश्वविद्यालयों में सर्वाधिक हैं.
योग गुरू बाबा रामदेव द्वारा बड़े स्तर पर प्रचारित किए जा रहे 'दिव्य मंजन' में मांसाहारी प्रोडक्ट का इस्तेमाल किया गया है. एक शख्स ने इसकी शिकायत केंद्र सरकार में मंत्रालयों से भी की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई. अब वह कोर्ट पहुंचे हैं और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाते हुए मुआवजा और कार्रवाई की मांग की है.
बाबा रामदेव और आचार्य बालकृष्ण को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है. पतंजलि 'भ्रामक विज्ञापन' मामले में SC ने बाबा रामदेव के खिलाफ चल रहे मानहानि केस को बंद कर दिया है. दरअसल, पतंजलि के उत्पादों के बारे में भ्रामक विज्ञापन दिए जाने के इस केस में माफीनामा दाखिल किया गया था, जिसे SC ने स्वीकार कर लिया है.
पतंजलि 'भ्रामक विज्ञापन केस' में बाबा रामदेव और आचार्य बालकृष्ण को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है. सर्वोच्च अदालत ने इस मामले में मानहानि का केस बंद कर दिया है. देखिए VIDEO
पतंजलि 'भ्रामक विज्ञापन' मामले में सुप्रीम कोर्ट से बाबा रामदेव को बड़ी राहत मिल गई है. सर्वोच्च अदालत ने इस मामले में उनके खिलाफ चल रहे मानहानि के केस को बंद कर दिया है. दरअसल, पतंजलि के उत्पादों के बारे में भ्रामक विज्ञापन दिए जाने के इस केस में माफीनामा दाखिल किया गया था, जिसे SC ने स्वीकार कर लिया है.
सुप्रीम कोर्ट ने आईएमए के डॉक्टर असोकन को फटकार लगाते हुए कहा है कि वह अपने खर्चे पर सभी अखबारों में अपना माफीनामा छपवाएं. उन अखबारों में जहां उनका इंटरव्यू छपा था. कोर्ट में मामले पर अगली सुनवाई 27 अगस्त को होगी, इससे पहले कोर्ट ने उन्हें सभी इंतजाम कर लेने को कहा है.
बॉम्बे हाईकोर्ट ने पतंजलि आयुर्वेद पर 4 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है. ये जुर्माना हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश का उल्लंघन करने पर लगाया गया है. हाईकोर्ट ने पिछले साल अगस्त में अंतरिम आदेश जारी कर पतंजलि पर कपूर के उत्पाद बेचने पर रोक लगा दी थी.
रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन ने दिल्ली हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की थी और बाबा रामदेव की कंपनी की आयुर्वेदिक दवा कोरोनिल को COVID-19 का शर्तिया इलाज होने का दावा करने पर आपत्ति जताई थी. इस पर दिल्ली हाईकोर्ट सोमवार को अपना निर्णय सुनाया.
डॉक्टरों की तरफ से दाखिल इस याचिका में कहा गया था कि रामदेव ने कोरोनिल को कोरोना की दवा बताते हुए कई भ्रामक दावे किए थे. जबकि, उन्हें कोरोनिल के लिए सिर्फ इम्यूनो-बूस्टर होने का लाइसेंस मिला था.
Sensex-Nifty At New All Time High: शेयर बाजार ने गुरुवार को गिरावट के साथ कारोबार शुरू किया था और अचानक उछलक नए शिखर पर जा पहुंचा. इस बीच JustDial Share और MTNL Share 17% तक उछल गया.
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को पतंजलि के भ्रामक विज्ञापन के खिलाफ इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की याचिका पर सुनवाई की. आईएमए की ओर से में पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता ने अदालत को बताया कि माफी मीडिया हाउस और आईएमए की वेबसाइट के साथ-साथ आईएमए की मंथली पत्रिका के पहले पेज पर भी पब्लिश की गई है.
Sensex-Nifty New Record : मंगलवार को दिनभर के उतार-चढ़ाव भरे कारोबार के दौरान मार्केट क्लोज होने से ऐन पहले BSE के सेंसेक्स ने जहां पहली बार 78000 का आंकड़ा पार कर इतिहास रचा, तो NSE का निफ्टी-50 भी नए ऑल टाइम हाई लेवल पर पहुंच गया.
सितंबर 2019 में पिथौरागढ़ के जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने उत्तराखंड के पिथौरागढ़ बेरीनाग बाजार स्थित लीलाधर पाठक की दुकान से पतंजलि नवरत्न इलायची सोन पापड़ी के सैंपल लिए थे. सैंपल को जांच के लिए रुद्रपुर स्थित जांच लैब भेजा गया था.
योगगुरु बाबा रामदेव और पतंजलि आयुर्वेद के एमडी बालकृष्ण के खिलाफ अवमानना मामले में सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस हिमा कोहली और जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह की बेंच सुनवाई कर रही है. दोनों पर अवमानना का मुकदमा चलेगा या नहीं, सुप्रीम कोर्ट ने इस फैसले को सुरक्षित रख लिया है. वहीं, अगले आदेश तक रामदेव और बालकृष्ण को व्यक्तिगत पेशी से भी छूट मिल गई है.
सुप्रीम कोर्ट ने इंडियन मेडिकल एसोसिएशन यानी IMA अध्यक्ष डॉक्टर आरवी अशोकन के विवादित बयान पर नोटिस जारी कर 14 मई तक जवाब मांगा है. दरअसल आचार्य बालकृष्ण ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दाखिल कर कहा कि डॉ अशोकन के जानबूझकर दिए गए बयान तात्कालिक कार्यवाही में सीधा हस्तक्षेप हैं और न्याय की प्रक्रिया में हस्तक्षेप करते हैं.
बालकृष्ण ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर कहा कि अशोकन द्वारा जानबूझकर दिए गए बयान तात्कालिक कार्यवाही में सीधा हस्तक्षेप हैं और न्याय की प्रक्रिया में हस्तक्षेप करते हैं. याचिका में अशोकन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए कहा गया है, "ये बयान निंदनीय प्रकृति के हैं और माननीय न्यायालय की गरिमा और जनता की नजर में कानून की महिमा को कम करने का स्पष्ट प्रयास हैं."
उत्तराखंड स्टेट लाइसेंसिंग अथॉरिटी ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि पतंजलि और उसकी इकाई दिव्या फार्मेसी के 14 मैन्युफैक्चरिंग लाइसेंस को तत्काल प्रभाव से 15 अप्रैल को रद्द कर दिया गया था. इस पर कोर्ट ने कहा कि अब आप नींद से जागे हैं. पूरी खबर जानने के लिए देखें वीडियो.
उत्तराखंड स्टेट लाइसेंसिंग अथॉरिटी ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि पतंजलि और उसकी इकाई दिव्या फार्मेसी के 14 मैन्युफैक्चरिंग लाइसेंस को तत्काल प्रभाव से 15 अप्रैल को रद्द कर दिया गया था. इस पर कोर्ट ने कहा कि अब आप नींद से जागे हैं.
सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार को पतंजलि के भ्रामक विज्ञापन मामले में सुनवाई हुई. इस दौरान शीर्ष अदालत ने भ्रामक विज्ञापन मामले में उत्तराखंड लाइसेंसिंग अथॉरिटी की निष्क्रियता पर सवाल उठाते हुए कहा कि अब आप नींद से जागे हैं.