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पटवारी भर्ती परीक्षा

पटवारी भर्ती परीक्षा

पटवारी भर्ती परीक्षा

जुलाई 2023 में मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) में हुए पटवारी भर्ती परीक्षा (Patwari Recruitment Exam) का घोटाला सामने आया. पटवारी परीक्षा के परिणाम की घोषणा के बाद आरोप लगाया गया कि ज्यादातर टॉपर वो हैं, जिन्होंने ग्वालियर (Gwalior) के एक ही एग्जाम सेंटर में परीक्षा दी थी. इस पर शक तब और गहराया जब मंडल की तरफ से टॉपर्स की लिस्ट ही जारी नहीं की गई.

छात्रों ने मांग की कि टॉपर लिस्ट जारी हो और किसने कहां पेपर दिया है ये भी बताया जाए. 10 जून को टॉपर लिस्ट जारी की गई. तब पता चला कि टॉप 10 में से 7 उम्मीदवारों ने ग्वालियर के एनआरआई कॉलेज (NRI College) एग्जाम सेंटर में परीक्षा दी थी.

इसी के बाद परीक्षा पर सवाल उठने लगे. इस मामले में 13 जुलाई को प्रदेश के कई शहरों में छात्रों ने प्रदर्शन किया. छात्रों का आरोप है किे इस परीक्षा में 15 लाख रुपये लेकर चयन सूची में नाम शामिल किया गया (Patwari Exam Rigged).

वहीं इस परीक्षा की एक टॉपर मधुलता का वीडियो भी चर्चा में है, जिसमें वो कह रही हैं कि हां मैंने 15 लाख रुपये दिए हैं. हालांकि बाद में उन्होंने दूसरा वीड‍ियो जारी करके इसे एक मजाक बताया (Patwari Recruitment Exam Student Video). 

इदर मुरैना के बड़ोखरी गांव के रहने वाले युवा रंजीत दंडोतिया ने इस बात का दावा किया है कि जौरा इलाके से एक ही समाज के 16 लोग पटवारी भर्ती परीक्षा में चयनित हुए हैं. खास बात यह है कि सभी लोग श्रवण बाधित दिव्यांग हैं (Patwari Exam Scam).

इसके बाद से इस परीक्षा पर सवाल खड़े होना शुरू हुए. इस परीक्षा घोटाला पर राजनीति भी शुरू हो चुकी है (Patwari Exam Scam and Politics).

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