आरपीएन सिंह, राजनेता
कुंवर रतनजीत प्रताप नारायण सिंह (Ratanjit Pratap Narain Singh), जिन्हें आरपीएन सिंह के लोकप्रिय नाम से जाना जाता है (RPN Singh), एक भारतीय राजनेता और भारत सरकार के पूर्व गृह राज्य मंत्री हैं (RPN Singh Ministry). उन्हें पडरौना के राजा साहब के नाम से भी जाना जाता है. वह 15वीं लोकसभा में कुशीनगर निर्वाचन क्षेत्र से सांसद थे (MP from Kushinagar Constituency). 16वीं लोकसभा चुनाव में वे भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राजेश पांडे से हार गए थे.
आरपीएन सिंह उत्तर प्रदेश के कुशीनगर (पडरौना) के एक शाही सैंथवार परिवार से हैं और पिछड़ी जाति सैंथवार-कुर्मी से ताल्लुक रखते हैं (Royal Ssainthwar Family of Padrauna). उन्होंने दून स्कूल से शिक्षा प्राप्त की है. मई 2014 में, वह दून के पूर्व छात्र निकाय द दून स्कूल ओल्ड बॉयज सोसाइटी के अध्यक्ष बने थे (RPN Singh Education).
उनका विवाह 7 दिसंबर 2002 को सोनिया सिंह (एनडीटीवी में एंकर और संपादकीय निदेशक) से हुआ था (RPN Singh Wife), और उनकी तीन बेटियां हैं (RPN Singh Daughters). उनके पिता स्वर्गीय कुंवर सी.पी.एन. सिंह, कुशीनगर के सांसद और 1980 में इंदिरा गांधी कैबिनेट में रक्षा राज्य मंत्री भी थे (RPN Singh Father).
आरपीएन सिंह लोकसभा के लिए चुने जाने से पहले 1996 से 2009 तक पडरौना सीट से विधायक भी थे. वह 1997-1999 तक उत्तर प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष थे. सिंह 2003-2006 तक एआईसीसी के अध्यक्ष रहे थे. वह 2009-2011 तक केंद्रीय सड़क, परिवहन और राजमार्ग राज्य मंत्री रहे. 2011-2013 तक वे केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस और कॉर्पोरेट मामले के राज्य मंत्री थे (RPN Singh Political Career).
राहुल गांधी के अमेठी सीट छोड़ने और रायबरेली से चुनाव लड़ने को लेकर बीजेपी लगातार चुटकी ले रही है. इसे लेकर कांग्रेस से बीजेपी में आये आरपीएन सिंह ने आजतक से बात की और कहा कि अब कांग्रेस के लिए कोई भी सीट सेफ नहीं है क्यूंकि यूपी की सभी सीटों पर बीजेपी की ही जीत होगी.
भाजपा ने आगामी राज्यसभा चुनावों के लिए रविवार को 14 उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए हैं, जिनमें कुछ नाम ऐसे हैं जिन्हें विधानसभा चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था. इसके अलावा लिस्ट में दो नाम ऐसे हैं जो शाही या राजसी परिवार से ताल्लुक रखते हैं.
भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश से अपने राज्यसभा के सात उम्मीदवार घोषित किए गए हैं. इन चेहरों में ओबीसी और महिला उम्मीदवार तो हैं लेकन एक भी दलित चेहरा नहीं है. सात उम्मीदवारों में चार ओबीसी, दो सवार बिरादरी और एक जैन समुदाय से ताल्लुक रखते हैं.
बीजेपी ने राज्यसभा चुनाव के लिए अपने कैंडिडेट्स के नामों का ऐलान कर दिया है. बीजेपी ने उत्तर प्रदेश से सुधांशु त्रिवेदी को राज्यसभा उम्मीदवार बनाया है. साथ ही आरपीएन सिंह भी उत्तर प्रदेश से राज्यसभा के उम्मीदवार होंगे. वहीं हरियाणा से सुभाष बराला राज्यसभा का कैंडिडेट बनाया है.
कांग्रेस की 'टीम राहुल' में सभी युवा नेता थे, जो मनमोहन सरकार के समय केंद्र सरकार में मंत्री बनाए गए थे. इस टीम में मिलिंद देवड़ा, ज्योतिरादित्य सिंधिया, आरपीएन सिंह, जितिन प्रसाद और सचिन पायलट शामिल थे. हालांकि इनमें से सचिन पायलट को छोड़कर बाकी सब कांग्रेस छोड़कर जा चुके हैं. जब भी 'टीम राहुल' का कोई नेता पार्टी छोड़कर जाता है तो एक फोटो सोशल मीडिया पर खूब वायरल होती है.
कुलदीप बिश्नोई बीजेपी में शामिल होने के बाद इसलिए चर्चा में हैं, क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित बीजेपी नेता लगातार परिवारवादी राजनीति को लेकर निशाना साधते रहे हैं. इतना ही नहीं, बीजेपी 2024 के लोकसभा चुनावों से पहले सियासत को 'वंशवाद से मुक्त' करने का नेरेटिव गढ़ रही है. पीएम मोदी कई मौकों पर राजनीति में वंशवाद के खिलाफ आवाज उठा चुके हैं.