संतोष सुमन मांझी
संतोष मांझी (Santosh Manjhi, Politician) एक भारतीय राजनेता हैं. वह वर्तमान में बिहार सरकार में लघु सिंचाई और अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री हैं (Santosh Manjhi, Minister of Minor Irrigation and SC/ST Welfare). वह हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) से बिहार विधान परिषद के सदस्य हैं (Santosh Manjhi, Leader HAM).
संतोष 23 मार्च 2022 को हुए चुनाव में 11 उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए थे. वह 2018 में एमएलसी बनाए गए थे (Santosh Manjhi, MLA). 2022 में उन्हें हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया (National President of HAM).
उनका जन्म 10 फरवरी 1975 को गया, बिहार (Gaya, Bihar) में हुआ था (Santosh Manjhi, Age). वह बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी (Former CM Jitan Ram Manjhi) के बड़े बेटे हैं (Santosh Manjhi Father). उन्होंने 1998 में राजनीति विज्ञान, कॉलेज दिल्ली विश्वविद्यालय (Santosh Manjhi, Delhi University) से स्नातकोत्तर पूरा किया और 2000 में यू.जी.सी. नेट परीक्षा पास की. उन्होंने 2003 में मगध विश्वविद्यालय बोधगया से पीएच.डी. भी किया है (Santosh Manjhi Education).
उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने का मांग करने वालों पर पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साफ शब्दों में कहा है कि विकसित भारत बनाना है, विकसित बिहार बनाना है. इसके लिए जो भी पहल देश में करने की जरूरत होगी.
बिहार को विशेष राज्य के दर्जे की मांग फिर से शुरू हो गई है. बिहार के मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा या विशेष पैकेज की आवश्यकता है क्योंकि बिहार के पास प्राकृतिक संसाधनों की कमी है.
जीतन राम मांझी जब अपने चुनाव प्रचार के लिए जा रहे थे, उस समय मीडियाकर्मी ने उनसे सवाल पूछने की कोशिश की, जिसको लेकर वो आगबबूला हो गए. उन्होंने कहा कि हटिए यार, यहां मरने का फुर्सत नहीं है और तुम मांझी-मांझी कर रहे हो.
जीतन राम मांझी के बेटे संतोष मांझी के नीतीश कैबिनेट से इस्तीफे के बाद नए चेहरे को लेकर कयास लगने लगे थे. इस बीच बिहार में जेडीयू के नेता रत्नेश सदा के मंत्री पद की शपथ लेने की बात सामने आई. कहा जा रहा है कि इस पद के लिए कांग्रेस और राजद की एक न सुनी गई.
बिहार की राजनीति में उथल-पुथल चल रही है. विपक्षी एकता की बैठक से पहले जीतनराम मांझी के बेटे संतोष सुमन ने बिहार सरकार के मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया. इस पर अब महागठंबंधन के नेताओं ने प्रतिक्रिया दी है. देखें क्या बोले तेजस्वी यादव.
महागठबंधन से बाहर आने के बाद जीतन राम मांझी अब भविष्य की रणनीति पर फैसला लेने जा रहे हैं. 18 जून को पार्टी ने राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक बुलाई है. इस बैठक में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष सुमन अन्य नेताओं के साथ भविष्य के विकल्प पर चर्चा करेंगे और उसके बाद आधिकारिक ऐलान किया जाएगा.
नीतीश कुमार सरकार से पूर्व सीएम जीतन राम मांझी के बेटे संतोष ने इस्तीफा दे दिया है. आजतक से बातचीत में संतोष ने कहा कि नीतीश कुमार चाहते थे कि हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा का विलय जनता दल यूनाइटेड में हो जाए जो उन्हें मंजूर नहीं था इसीलिए उन्होंने नीतीश मंत्रिमंडल से इस्तीफा दिया है. देखें आजतक से क्या बोले संतोष सुमन.
बिहार के महागठबंधन में एक बार फिर बड़ी रार देखने को मिल रही है. हम पार्टी के चीफ जीतन राम मांझी के बेटे संतोष सुमन ने नीतीश कैबिनेट से इस्तीफा दे दिया है. वे बिहार सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के मंत्री थे. उन्होंने नीतीश कुमार पर उनकी पार्टी का जेडीयू में विलय करने के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है. देखें वीडियो.
नीतीश कुमार ने फरवरी में एक रैली में कहा था कि आजकल जीतन मांझी पर बीजेपी की नजर है. उन्होंने कहा था, 'अब मांझी जी पर लगा हुआ है, अब मांझी जी को इधर-उधर नहीं करना है. हमी लोग उनको आगे बढ़वा देंगे.' नीतीश के इस बयान के बाद महागठबंधन विधानमंडल दल की बैठक में मांझी ने नीतीश कुमार को भरोसा दिया था कि वे मुख्यमंत्री का साथ छोड़कर कहीं नहीं जाने वाले.
बिहार के महागठबंधन में एक बार फिर बड़ी रार देखने को मिल रही है. हम पार्टी के चीफ जीतन राम मांझी के बेटे संतोष सुमन ने नीतीश कैबिनेट से इस्तीफा दे दिया है. वे बिहार सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के मंत्री थे.
जीतनराम मांझी इन दिनों बिहार में गरीब संपर्क यात्रा निकाल रहे हैं. इस दौरान उन्होंने दावा किया कि उनका बेटा अन्य मुख्यमंत्री उम्मीदवारों की तुलना में अधिक योग्य और शिक्षित है. मांझी का ये बयान ऐसे वक्त पर आया, जब नीतीश कुमार लगातार तेजस्वी को आगे बढ़ाने की बात कर रहे हैं.