सुखजिंदर सिंह रंधावा, राजनेता
सुखजिंदर सिंह रंधावा (Sukhjinder Singh Randhawa) एक भारतीय राजनेता हैं जो भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी से जुड़े हैं. वह पंजाब विधान सभा के सदस्य हैं और डेरा बाबा नानक निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं. रंधावा ने प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष और महासचिव के रूप में भी कार्य किया है. वह अमरिंदर कैबिनेट में जेल और पंजाब के सहकारिता विभाग के मंत्री थे (Sukhjinder Singh Randhawa Congress Leader).
सुखजिंदर सिंह रंधावा का जन्म 25 अप्रैल 1959 में (Date of Birth) गुरदासपुर (Gurdaspur) जिले के धरोवाली गांव में हुआ था. डेरा बाबा नानक (Dera Baba Nanak) तहसील ताल्लुक रखने वाले सुखजिंदर संतोख सिंह के बेटे हैं, जो दो बार पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष भी रह चुके हैं और अपने समय के सबसे वरिष्ठ कांग्रेसियों में से एक थे. सुखजिंदर ने अपनी प्राथमिक शिक्षा चंडीगढ़ के एक सरकारी स्कूल (Govt School Chandigarh) से पूरी की थी (Sukhjinder Randhawa Family).
पंजाब विधानसभा के लिए सुखजिंदर का पहला सफलतापूर्वक चुनाव 2002 में फतेहगढ़ चुरियन से लड़ा था जिसमें वह अकाली दल के निर्मल सिंह कहलों (Akali dal's Nirmal Singh Kahlon) को हराया था. वर्ष 2012 और 2017 में वह नए निर्वाचन क्षेत्र डेरा बाबा नानक निर्वाचन क्षेत्र से चुने गए थे. रंधावा ने पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू के साथ मिलकर कैप्टन अमरिंदर सिंह के खिलाफ मोर्चा भी खोला था.
उनका ऑफिशिल ट्विटर हैंडल @Sukhjinder_INC नाम से है.
विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने लोकसभा में पार्टी सांसदों के साथ एक मीटिंग की अध्यक्षता की. इसके बाद राहुल और कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा के बीच वक्त की पाबंदी को लेकर मजाकिया लहजे में बातचीत हुई.
विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने लोकसभा में पार्टी सांसदों के साथ एक मीटिंग की अध्यक्षता की. इसके बाद राहुल और कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा के बीच वक्त की पाबंदी को लेकर मजाकिया लहजे में बातचीत हुई.
आज से ठीक आठ दिन बाद 25 नवंबर को राजस्थान में चुनाव होना है. इस बीच राजस्थान कांग्रेस के प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने 50 नेताओं को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया है. इन नेताओं को 6 साल के लिए पार्टी से बाहर किया गया है.
कांग्रेस नेता सुखजिंदर रंधावा ने पीएम मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि मोदी को राजस्थान में हार का डर सता रहा है इसीलिए वो बार-बार प्रदेश के चक्कर लगा रहे हैं.
पंजाब सरकार ने मुख्तार अंसारी को राज्य की जेल में रखने के लिए पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह और पूर्व जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा को वसूली नोट भेज दिया है. AAP सरकार का कहना है कि इसके लिए तत्कालीन सरकार ने 55 लाख रुपये खर्च किए थे, जिनकी वसूली की जाएगी.
राजस्थान प्रदेश कांग्रेस में अशोक गहलोत और सचिन पायलट की तनातनी के बीच कांग्रेस हरकत में आ गई है. कांग्रेस आलाकमान ने सचिन पायलट को आज अचानक देर शाम दिल्ली बुलाया है. पायलट पर कोई एक्शन होगा या मिलेगा तोहफा? देखें.
राजस्थान कांग्रेस में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है. ये बात ना तो राज्य की जनता से छिपी है और ना ही कांग्रेस आलाकमान इस बात से बेखबर है. सचिन पायलट बीते कुछ दिनों से राज्य सरकार पर लगातार दवाब बनाने की कोशिश कर रहे थे. अब सचिन पायलट को आज अचानक देर शाम दिल्ली बुलाया गया है.
राजस्थान में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं. लेकिन कांग्रेस में जारी खिंचतान के चलते पार्टी मुश्किल में पड़ सकती है. इधर प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने सचिन पायलट और अशोक गहलतो को नसीहत दे डाली. रंधावा ने तीसरे विक्लप की बात की है.
राजस्थान कांग्रेस के घर की लड़ाई थमने का नाम नहीं ले रही है. पार्टी के दिग्गज नेता सचिन पायलट और मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बीच तनातनी पर अब पार्टी के अन्य नेताओं की नाराजगी भी बढ़ रही है. अब कांग्रेस के स्टेट इंचार्ज सुखजिंदर सिंह रंधावा ने पायलट खेमे को एक स्पष्ट संदेश दिया है. देखें.
राजस्थान कांग्रेस में जारी घर की लड़ाई खत्म होने का नाम नहीं ले रही है. पायलट खेमे के साथ चल रही ये कलह हर दिन नए आरोपों-प्रत्यारोपों के साथ आगे बढ़ रही है. इसी बीच शनिवार को कांग्रेस के स्टेट इंचार्ज सुखजिंदर सिंह रंधावा ने पायलट खेमे को एक स्पष्ट संदेश देते हुए उन्हें अतीत की याद दिलाई है.
राजस्थान में विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश कांग्रेस में फूट बढ़ती ही जा रही है. एक ओर जहां सचिन पायलट ने सीएम अशोक गहलोत के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है तो वहीं सचिन पायलट के करीबी विधायक वेद प्रकाश सोलंकी ने कांग्रेस के प्रदेश चीफ सुखजिंदर सिंह रंधावा की कार्य क्षमता पर सवाल उठा दिए.
वसुंधरा राजे पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाना तो ठीक था, पर इस मुद्दे में सचिन पायलट ने उनकी पार्टी के नेता और प्रदेश के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को भी घसीट लिया. शायद इसलिए राजस्थान कांग्रेस का एक बड़ा धड़ा ऐसा है जो पायलट से नाराज है.
राजस्थान कांग्रेस प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि मैं सचिन पायलट द्वारा उठाए गए भ्रष्टाचार के मुद्दे से सहमत हूं, लेकिन जिस तरीके से उन्होंने इसे उठाया वह गलत था. उन्हें विधानसभा सत्र के दौरान राज्यपाल के अभिभाषण पर बोलना चाहिए था.