युगेंद्र पवार (Yugendra Pawar) दिग्गज नेता और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री शरद पवार के पोते हैं. वे महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के भतीजे हैं. महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 में युगेंद्र पवार अपने चाचा अजीत पवार के खिलाफ एनसीपी (एसपी) से बारामती सीट से चुनाव लड़ा. इस चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा (Assembly Election 2024).
वे राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के सदस्य थे, लेकिन 2023 के महाराष्ट्र राजनीतिक संकट के दौरान वे एनसीपी के शरद पवार गुट के साथ रहे.
युगेंद्र पवार ने वोटों की दोबारा गिनती के लिए अर्जी दाखिल की थी, लेकिन सुप्रिया सुले ने युगेंद्र पवार से अर्जी वापस लेने को कहा था. इस बारे में सवाल पूछे जाने पर सुप्रिया सुले ने कहा कि मैं 4 बार ईवीएम से चुनी गई हूं, इसलिए मैं यह नहीं कहूंगी कि ईवीएम गलत है.
बारामती तालुका के पंसारेवाड़ी गांव के निवासियों को संबोधित करते हुए अजित पवार ने कहा कि 1991 से आपने मुझे अपना विधायक चुना. क्या आपने प्रतिभा काकी को प्रचार के लिए आते देखा? तो अचानक पोते के प्रति आत्मीयता कैसे दिखाई गई, मुझे समझ में नहीं आता. चुनाव खत्म होने के बाद मैं प्रतिभा काकी से इस बारे में पूछूंगा.
शरद पवार ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के दौरान बारामती इलाके में पहुंच कर एक इमोशनल कार्ड खेला है. लेकिन, ये नहीं साफ किया है कि उनका फैसला चुनाव न लड़ने तक ही सीमित है या राजनीति से संन्यास लेने का भी इरादा है - वैसे ये जोखिमभरा है, क्योंकि दोधारी तलवार भी साबित हो सकता है.