कोरोना वायरस महामारी से निपटने के लिए फिलहाल अमेरिका में तीन वैक्सीन का इस्तेमाल हो रहा है. फाइजर, मॉडर्ना और जॉनसन एंड जॉनसन नाम की ये तीनों ही वैक्सीन कोरोना वायरस से लड़ने में काफी कारगर साबित हुई हैं. हालांकि इसके बावजूद अमेरिका में कई लोग ऐसे हैं जो मॉडर्ना और फाइजर को जॉनसन एंड जॉनसन वैक्सीन से ज्यादा तरजीह दे रहे हैं. (प्रतीकात्मक तस्वीर/Getty Images)
दरअसल, मार्च के शुरुआती दौर में डेट्रॉयट शहर के मेयर माइक डुग्गेन ने जॉनसन एंड जॉनसन वैक्सीन को रिजेक्ट करते हुए कहा था कि अमेरिका में मॉडर्ना और फाइजर वैक्सीन ज्यादा बेहतर हैं. उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि मैं अपने शहर के लोगों को सबसे बेस्ट वैक्सीन उपलब्ध कराने की कोशिश करूंगा. (प्रतीकात्मक तस्वीर/Getty Images)
इसके बाद पब्लिक हेल्थ कम्युनिटी की आलोचना के बाद माइक ने कहा था कि उनका सभी वैक्सीन में पूरा विश्वास है और सभी वैक्सीन सुरक्षित और प्रभावी हैं. लेकिन इसके बाद से ही जॉनसन एंड जॉनसन वैक्सीन को लेकर कई लोगों में शक पैदा होने की खबरें सामने आई हैं और कई लोग इसे लगवाने से मना कर रहे हैं जिससे अमेरिका के वैक्सीन वितरण सिस्टम को झटका लगा है. (प्रतीकात्मक तस्वीर/Getty Images)
इसके बाद से ही कई डॉक्टर्स ऐसे हैं जो लोगों को समझाने की कोशिश कर रहे हैं कि अमेरिका में दी जा रही कोई भी वैक्सीन कमतर नहीं है. सीनियर स्टाफ साइंटिस्ट डॉ मिचेल एंड्रेसिक ने बीबीसी के साथ बातचीत में कहा कि 'एक तरफ जहां लोग इस बात से खुश थे कि जॉनसन एंड जॉनसन का सिर्फ एक ही शॉट लगाया जाएगा. वहीं दूसरी तरफ इस बात को लेकर भी काफी कंफ्यूजन है कि क्या ये वैक्सीन बाकी वैक्सीन्स की तुलना में प्रभावशाली है भी या नहीं?' (प्रतीकात्मक तस्वीर/Getty Images)
नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एलर्जी एंड इंफेक्शियस डिजीस के डायरेक्टर डॉ एंथनी फॉकी ने भी कहा कि अमेरिका में मौजूद सभी वैक्सीन अच्छी हैं और किसी भी मायने में जॉनसन एंड जॉनसन को कमजोर वैक्सीन नहीं कहा जा सकता है. गौरतलब है कि अमेरिका के राष्ट्र्पति जो बाइडेन ने जॉनसन एंड जॉनसन वैक्सीन पर पूरा भरोसा दिखाया है. इसी महीने उन्होंने घोषणा की थी कि अमेरिका जॉनसन एंड जॉनसन की 100 मिलियन अधिक डोज और मंगाएगा. इससे पहले अमेरिका ने इस वैक्सीन की 50 मिलियन डोज मंगाई थी. (प्रतीकात्मक तस्वीर/Getty Images)