दरअसल, घटना भोजाखेड़ी गांव की है, इस गांव में करीब 200 परिवार हैं और लगभग 1900 की आबादी है. ग्राम पंचायत भोजाखेड़ी में पांच वर्षों में 35 लोगों की कैंसर से मौत हो चुकी है. अभी भी गांव के कई लोग कैंसर से पीड़ित हैं. इतना ही नहीं इस गांव की महिला सरपंच सहित जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष भी कैंसर की बीमारी के कारण असमय मौत के शिकार हो चुके हैं.