उत्तर पूर्वी दिल्ली में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के विरोध में हुई हिंसा में हेड कॉन्स्टेबल रतन लाल की जान चली गई. उनकी मौत की खबर जब घर वालों को लगी तो मातम पसर गया. वहीं, दिल्ली पुलिस में भी रतन लाल के साथियों को उनका इस तरह से जाना बेहद दुखी कर रहा है. उनकी साथ काम करने वाले जवान बताते हैं कि रतन लाल को विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान की तरह मूंछें रखने का शौक था.