एक महिला ने ऐसा दावा किया है, जो किसी के भी होश उड़ाने के लिए काफी है. उसने कहा कि 19 साल की उम्र में पेनकिलर खाने की वजह से उसने अपने दांत गंवा दिए. कनाडा के वैंकूवर की रहने वाली नताली लकासे ने बताया कि वह 12 साल की उम्र से ही अपने जबड़ों में दर्द से लड़ रही थीं. वह टेम्पोरोमैंडिबुलर डिसऑर्डर (टीएमडी) से पीड़ित रहीं. जिससे उनका बांया जबड़ा ठीक से काम नहीं कर रहा था.
इस दर्द से राहत पाने के लिए नताली ने 18 साल की उम्र से पेनकिलर लेना शुरू कर दिया. लेकिन इससे उनके पेट में छाले होने लगे. उन्हें पांच महीने तक लगातार उलटियां हुईं. 19 साल की उम्र आते-आते उनके दांत नहीं रहे. वह लोगों से अपना मुंह छिपाने लगीं और सोशलाइज होने में उन्हें शर्म आती थी. तब लोग उन्हें लेकर तरह-तरह की बातें बनाने लगे. इससे नताली को और ज्यादा ठेस पहुंचती.
मानसिक स्वास्थ्य पर हो रहा था असर
नताली लकासे ने कहा, 'कई सालों तक मुझे कलंकित महसूस होता था और ऐसा लगता था कि मैं खुद का ध्यान नहीं रख पा रही हूं, इससे मेरा मानसिक स्वास्थ्य भी प्रभावित हो रहा था. जब भी डॉक्टर मेरे दांत देखते थे और इनकी स्थिति के बारे में सुनते थे, तब वो हमेशा ड्रग्स को लेकर सवाल करने लगते. और मैं बताती कि मैं ऐसा कुछ नहीं करती हूं. मगर कोई मेरी बात का यकीन नहीं करता.'
नताली ने बताया कि 18 साल की उम्र में एक कार दुर्घटना के बाद उनकी पीठ के निचले हिस्से की मांसपेशियों में चोट लगने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था. तब डॉक्टरों ने उन्हें दर्द से बचने के लिए एक अन्य पेनकिलर दी.
इस दवा को एक से दो हफ्ते तक लेने के लिए कहा था. यहीं से सारी परेशानियां शुरू हो गईं. नताली को दिन में कई बार उलटियां होने लगीं. हर उलटी के बाद वो अपने दातों को ब्रश करती थीं. इसके बाद उनके दांत टूटने लगे. अपनी मुस्कुराहट के लिए उन्होंने 4000 पाउंड (करीब 4 लाख रुपये) खर्च कर दिए हैं.