परिवारों में अक्सर ऐसे कुछ राज होते हैं जिनके खुलने पर एकाएक से रिश्ते और माहौल सबकुछ बदल जाता है. हाल में एक महिला ने भी अपने परिवार के ऐसे राज के बारे में बताया कि जानने वालों का दिमाग घूम गया. महिला ने बताया कि उसकी बेटी का बड़ा भाई ही दरअसल उसका असली पिता है.
'पहले से ही दो बच्चों का पिता था पति'
इस महिला ने अपनी पहचान छुपाते हुए 'द अटलांटिक के डियर थेरेपिस्ट कॉलम' में लिखा कि उससे मुलाकात से पहले उसके पति के एक अन्य महिला के साथ संबंध से दो बच्चे (एक बेटा और एक बेटी) थे. शादी के बंधन में बंधने के बाद, जोड़े ने अपने बच्चे पैदा करने के बारे में सोचा. लेकिन यह संभव नहीं हो सका क्योंकि उसके पति की नसबंदी हो चुकी थी. अब ये कपल परेशान हो गया.
बच्चा पैदा करने के लिए चुना था ये अनोखा रास्ता
द मिरर की खबर के अनुसार, महिला ने बताया कि ऐसी स्थिति में यह सुनिश्चित करने के लिए कि उनका बच्चा उनके जैसा दिखे, उन्होंने एक अजीब समाधान निकाला. अटलांटिक को लिखे एक पत्र में, गुमनाम महिला ने लिखा- "हम स्पर्म बैंक का उपयोग नहीं करना चाहते थे, इसलिए हमने अपने पति के बेटे को डोनर (Sperm Donor) बनने के लिए कहा.
'कैसे बताएं कि उसका 'पिता' उसका दादा है'
महिला ने आगे लिखा "हमें लगा कि यह सबसे अच्छा फैसला था. इससे हमारे बच्चे में मेरे पति के ही जीन होंगे न कि किसी बाहरी इंसान के, और हम मेरे सौतेले बेटे के स्वास्थ्य, पर्सनालिटी और इंटेलिजेंस को जानते थे. वह मदद करने के लिए राजी भी हो गया था. उसने आगे बताया "अब हमारी बेटी 30 साल की है और हमने बेटी के जन्म के तीन दशक बाद तक इस सच्चाई को छुपाकर रखा है. अब हम उलझन में है कि हम उसे कैसे बताएं कि उसका "पिता" उसका दादा है, उसका "भाई" उसका पिता है, उसकी "बहन" उसकी 'बुआ' है, और उसका "भतीजा" उसका सौतेला भाई है?"
'सच जानकर पता नहीं कैसा रिएक्शन देगी'
उन्होंने बताया कि कैसे वह और उनके पति अपनी बेटी को यह बताने को लेकर चिंतित हैं कि पता नहीं वह इसपर क्या प्रतिक्रिया देगी. उन्होंने कहा, "यह मेरे पति के लिए भी कठिन है, क्योंकि वह चाहते हैं कि हमारी बेटी को पता चले कि वह ही उसके पिता है."
'माफी मांगने से पहले उससे आराम से बात करो'
महिला के ऑनलाइन पोस्ट के जवाब में, एक मनोचिकित्सक और कॉलमनिस्ट लोरी गोटलिब ने कहा कि वह अपनी बेटी से माफी मांगने से पहले उसे बैठाएं और पूरी बात ठीक से समझाएं. उनसे 30 साल तक सच्चाई छुपाने के लिए "पूरी ज़िम्मेदारी लेने" का आग्रह करते हुए, गोटलिब का कहना है कि वे अपनी बेटी को बातचीत में हावी होने दें. साथ ही उन्होंने पहले बेटी के भाई से बात करने को भी कहा ताकि वह उसकी प्रतिक्रिया से अचंभित न हो जाए. गोटलिब ने कहा कि इसमें शामिल किसी भी व्यक्ति के लिए यह एक आसान बातचीत नहीं होगी लेकिन यह जरूरी है कि वह सच्चाई जाने.