आईटी प्रोफेशनल अतुल सुभाष की आत्महत्या ने देश को झकझोर रख दिया है. अतुल ने सुसाइड करने से पहले 24 पन्नों का एक नोट छोड़ा और करीब डेढ़ घंटे का एक वीडियो बनाया. इसमें उन्होंने अपनी पत्नी, ससुराल वालों आदि को जिम्मेदार बताया है. अतुल सुभाष की ससुराल यूपी के जौनपुर में है, जहां मीडिया का जमावड़ा लगा है. जब 'आजतक' ने ससुराल वालों से उनका पक्ष जानना चाहा तो उन्होंने ऑन कैमरा बोलने से इनकार कर दिया. उनका कहना है कि वो वकील के माध्यम से अपनी बात रखेंगे. बार-बार पूछने पर वो नाराज हो गए.
आपको बता दें कि मृतक अतुल सुभाष की पत्नी का नाम निकिता सिंघानिया है. हालांकि, वो अभी जौनपुर में नहीं हैं. उनका घर जौनपुर शहर क्षेत्र के कोतवाली थाने के खोवा मंडी में है. जब निकिता की मां से फोन पर बात हुई तो उन्होंने मामले में बोलने से साफ इनकार कर दिया. लेकिन बार-बार पूछने पर उन्होंने अतुल पर ही बेटी निकिता को प्रताड़ित करने का आरोप लगा दिया.
निकिता की मां ने कहा कि मैं जब बेंगलुरु गई थी तो वहां अतुल ने मेरी बेटी को प्रताड़ित किया था. मेरे सामने उसे मारा-पीटा था. फिर टिकट कराकर जौनपुर भेज दिया था. उसके बाद ही कोर्ट केस किया गया था. हालांकि, इस मामले में अतुल के साले यानि निकिता के भाई ने ज्यादा कुछ नहीं कहा. वो बस मीडिया से फोटो/वीडियो ना लेने की बात कहता रहा. लीगल एक्शन की भी धमकी दे रहा था.
जानकारी के मुताबिक, बिहार के समस्तीपुर निवासी अतुल सुभाष और उत्तर प्रदेश के जौनपुर की निकिता सिंघानिया की 2019 में शादी हुई थी. उनका एक बेटा भी है. शादी के कुछ समय बाद दोनों में अनबन शुरू हो गई. जिसके बाद निकिता ने सुभाष के खिलाफ एक के बाद एक कुल 9 केस दर्ज करवा दिए. आरोप है कि निकिता सेटलमेंट के लिए सुभाष से मोटा पैसा मांग रही थीं. वहीं, केस चलने के बाद सुभाष काफी समय से निकिता से अलग रह रहे थे. लेकिन बीते सोमवार को उन्होंने फंदे से लटककर मौत को गले लगा लिया. सुसाइड नोट में अतुल ने पत्नी निकिता और ससुराल वालों पर प्रताड़ना कर आरोप लगाया है.
इस बीच अतुल सुभाष की खुदकुशी मामले में चार लोगों पर FIR दर्ज की गई है. इस FIR में अतुल की पत्नी निकिता सिंघानिया, सास निशा सिंघानिया, साले अनुराग सिंघानिया और चाचा ससुर सुशील सिंघानिया का नाम है. अतुल के भाई ने बेंगलुरु के मराठाहल्ली पुलिस स्टेशन में शिकायत की थी.
गौरतलब हो कि अतुल ने 1 घंटे 20 मिनट का वीडियो जारी किया था, जिसमें उन्होंने अपनी दर्दभरी आपबीती बताई. अतुल ने ये भी मांग की थी कि अगर उन्हें प्रताड़ित करने वाले बरी हो जाएं तो उनकी अस्थियां कोर्ट के बाहर गटर में बहा दी जाएं. अतुल ने देश के ज्यूडिशियरी सिस्टम, पुलिस और कानून में पुरुषों की अनदेखी को लेकर भी अपनी बात रखी. इसके अलावा उन्होंने जौनपुर की फैमिली कोर्ट की जज पर भी गंभीर आरोप लगाए.