बहराइच हिंसा मामले के पांच आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. एनकाउंटर के दौरान इनमें से दो को गोली लगी है. घायल हालत में सरफराज और मोहम्मद तालीम को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. सरफराज मुख्य आरोपी अब्दुल हमीद का बेटा है. इस बीच अब्दुल हमीद की बेटी रुखसार का बयान सामने आया है. रुखसार ने आशंका जताई है कि एनकाउंटर में उसके भाई-पिता मारे जा सकते हैं.
बकौल रुखसार- कल शाम 4 बजे मेरे पिता अब्दुल हमीद, मेरे दो भाइयों सरफराज और फहीम और एक अन्य युवक को यूपी एसटीएफ उठाकर ले गई थी. मेरे पति और मेरे बहनोई को भी उठाया गया है. हमें उनके बारे में किसी भी पुलिस स्टेशन से कोई जानकारी नहीं मिली है. इसलिए हमें डर सता रहा है कि वे मुठभेड़ में मारे जा सकते हैं.
ये भी पढ़ें- बहराइच हिंसा: रामगोपाल का आखिरी वीडियो! छत पर चढ़कर उतार रहा था झंडा तभी चली गोली, और...
पुलिस के मुताबिक 13 अक्टूबर को महराजगंज कस्बे में रामगोपाल की गोली मार कर हत्या करने के केस में बहराइच पुलिस द्वारा पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके नाम हैं-
1. मोहम्मद फ़हीन (नामजद)
2. मोहम्मद तालीम उर्फ सबलू
3. मोहम्मद सरफराज (नामजद)
4. अब्दुल हमीद (नामजद)
5. मोहम्मद अफज़ल
पहले दो की निशानदेही पर मर्डर में प्रयुक्त हुए हथियार की बरामदगी के लिए जब पुलिस टीम लेकर गई तो इनके द्वारा वहां रखे हथियारों से पुलिस पर फायरिंग की गई. जवाबी फायरिंग में दोनों को गोली लगी है. दोनों गंभीर रूप से घायल हुए हैं, उनका उपचार कराया जा रहा है. मर्डर में उपयोग किया हथियार बरामद हो गया है.
बता दें कि बहराइच के महराजगंज कस्बे में हुई हिंसा के 2 आरोपियों का एनकाउंटर हो गया है. आरोपी नेपाल भागने की फिराक में थे. जिन आरोपियों का एनकाउंटर हुआ उनके नाम सरफराज उर्फ रिंकू और तालीम हैं. सरफराज मुख्य आरोपी अब्दुल हमीद का बेटा है. अब्दुल हमीद के घर की छत पर ही रामगोपाल मिश्रा की गोली मारकर हत्या हुई थी. जिसके बाद हिंसा भड़क उठी थी.
खबर है कि इस एनकाउंटर को लेकर यूपी पुलिस मुख्यालय में बड़ी बैठक चल रही है. इस बैठक में एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश सहित कई बड़े अधिकारी मौजूद हैं. मामले में अमिताभ यश ने बताया कि कैजुअल्टी नहीं हुई है, पुलिस द्वारा पांच आरोपी पकड़े गए हैं. यानि, कुल 5 आरोपी गिरफ्तार हुए हैं. इनमें एनकाउंटर में दो को गोली लगी है. एनकाउंटर नेपाल सीमा के पास हांडा बसेहरी नहर के पास हुआ है.
मालूम हो कि बहराइच के थाना हरदी क्षेत्र के रेहुआ मंसूर गांव निवासी रामगोपाल मिश्रा बीते रविवार की शाम करीब 6 बजे दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के लिए निकले जुलूस में शामिल था. ये जुलूस जब महराजगंज बाजार में समुदाय विशेष के मोहल्ले से गुजर रहा था तो दो पक्षों में कहासुनी हो गई. आरोप है कि इस दौरान छतों से पत्थर फेंके जाने लगे, जिससे विसर्जन में भगदड़ मच गई.
इस बीच रामगोपाल को एक घर की छत पर गोली मार दी गई, जिससे उसकी मौत हो गई. रामगोपाल की मौत की खबर के बाद महराजगंज कस्बे में बवाल शुरू हो गया. आक्रोशित प्रदर्शनकारियों ने आरोपी के घर समेत कई वाहनों में तोड़फोड़ की और उसमें आग लगा दी. हिंसा के दौर अगले दिन भी जारी रहा. जिसके चलते भारी पुलिस फोर्स बुलानी पड़ी. खुद सीएम योगी ने मामले का संज्ञान लिया. फिलहाल, हालात सामान्य हैं. लेकिन इलाके में पुलिस का पहरा है.