scorecardresearch
 

UP: बोर्ड परीक्षा में हिजाब पर बवाल... परीक्षा केंद्र पर टीचर ने छात्रा को रोका, Video वायरल होने के बाद विरोध शुरू

यूपी के बरेली (Bareilly) में बीते दिनों एक परीक्षा केंद्र पर हिजाब (hijab) पहने छात्रा को टीचर ने जांच के सिलसिले में रोक दिया था. इस मामले का वीडियो वायरल हुआ तो मुस्लिम संगठनों ने विरोध शुरू कर दिया. साथ ही टीचर पर कार्रवाई की मांग करने लगे.

Advertisement
X
बोर्ड परीक्षा में हिजाब पर बवाल. (Representational image)
बोर्ड परीक्षा में हिजाब पर बवाल. (Representational image)

उत्तर प्रदेश के बरेली (Bareilly) में हिजाब (hijab) पहनकर पहुंचीं छात्राओं को परीक्षा केंद्र के गेट पर रोक दिया गया था. इस मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. इसके बाद मुस्लिम संगठन के कार्यकर्ताओं ने नाराजगी जताई और छात्राओं को रोकने वाली टीचर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की. वहीं अधिकारियों का कहना है कि नियमों के मुताबिक ही रोका गया है. 

Advertisement

इस मामले में छात्राओं का कहना है कि कॉलेज आने-जाने में कोई दिक्कत नहीं है. हिजाब पहनने से कहीं कोई नहीं रोक रहा, लेकिन परीक्षा में हिजाब पहनकर क्लास में जाने से रोका जा रहा है. वहीं कुछ छात्राओं का कहना है कि नकल की वजह से तलाशी ली जाती है, इसीलिए हिजाब को रोका जा रहा है. इससे किसी को परेशानी नहीं होनी चाहिए. कई बार कुछ लोग नकल छिपाकर ले जाते हैं, इसीलिए यह फैसला कुछ हद तक ठीक है.

मामले को लेकर डीआईओएस ने क्या कहा?

इस मामले में डीआईओएस कहना है कि परीक्षा केंद्र पर परीक्षा के नियम लागू होंगे. परीक्षा में हर कमरे की, हर स्टूडेंट की निगरानी हो रही है. किसी छात्रा को हिजाब पहनकर या चेहरा ढककर परीक्षा देने की अनुमति नहीं है. परीक्षा देते समय केवल परीक्षार्थी है. विभाग के नियमों का पालन करेगा. परीक्षा के बाद कक्ष के बाहर कौन क्या पहने है, हमें कोई आपत्ति नहीं है. जब बच्चे मॉर्निंग में एंट्री करते हैं तो तलाशी भी होती है.

Advertisement

यह भी पढ़ें: 'गर्ल्स क्या पहनना चाहती हैं वो खुद तय करें, कोई और नहीं...', हिजाब-हिस्सेदारी पर AMU की लड़कियों के साथ खुलकर बोले राहुल गांधी

कुछ छात्राओं का यह भी कहना है कि कई बार छात्राएं हिजाब और बुरखे में नकल ले आती हैं, इसलिए रोका जा रहा है, जो कि गलत है. सभी के सामने ऐसा करने से शर्मिंदगी महसूस होती है. तलाशी के दौरान बुर्का और हिजाब को उतरवा दिया जाता है, बाद में अनुमति दे दी जाती है.

मुस्लिम संगठन ने किया विरोध

परीक्षा के दौरान का जो वीडियो वायरल हुआ, उसमें देखा जा सकता है कि एक टीचर ने हिजाब पहनकर आई छात्रा को रोक दिया. इस वीडियो के सामने आने के बाद मुस्लिम संगठन टीचर के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.

बरेली के मौलाना तौकीर लगा चुके हैं आरोप

बरेली आईएमसी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना तौकीर रजा खान ने भी इस मामले का विरोध किया है. उन्होंने कहा कि आप रूल जो चाहे बना लो, जो चाहे कर लो. जो नकाब हमारे बच्चे हमेशा पहनते रहे हैं, हमारी बेटियों पर जबरदस्ती क्यों करते हो. हम क्या खाएंगे, क्या पहनेंगे, कैसे रहेंगे, यह तय करना आपका काम नहीं है. आप राजनीति कीजिए. समाज को अपना काम करने दीजिए. आप अपना हिंदुत्व थोपने का काम कर रहे हैं. यह आपको बर्बाद करने का काम करेगा. इस चुनाव में हम आपको यह दिखाएंगे.

Advertisement

गर्ल्स कॉलेज की प्रिंसिपल ने क्या कहा?

इस मामले में इस्लामिया गर्ल्स इंटर कॉलेज की प्रिंसिपल चमन जहां ने कहा कि हिजाब से कोई दिक्कत नहीं है. बोर्ड का एक रूल है कि बच्चों की अच्छी तरह से सर्चिंग की जाए. जो बच्चियां हमारे यहां हिजाब पहनकर आ रही हैं, उनकी अच्छे से तलाशी की जा रही है. हिजाब को उतरवाया जा रहा है. अलग एक रूम बना है, वहां सर्चिंग की जा रही है. जब देख लेते हैं कि स्टूडेंट के पास कुछ नहीं है तो जाने की इजाजत दी जाती है.

Live TV

Advertisement
Advertisement