उत्तर प्रदेश के देवबंद में भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद पर 28 जून को हमला हुआ था. इस हमले में चंद्रशेखर घायल हो गए थे. उन्हें इलाज के लिए देवबंद के अस्पताल में भर्ती कराया गया था. वो अपनी फॉर्चूनर कार से देवबंद पहुंचे थे. तभी उनकी गाड़ी पर हमलावरों ने फायरिंग कर दी थी. गोली उन्हें छूकर निकल गई, जिससे वो बाल-बाल बच गए थे. पार्टी के प्रदेश सचिव ने कहा है कि आजाद को जेड श्रेणी सुरक्षा प्रदान नहीं मिली तो पार्टी चीफ का इशारा मिलते ही कार्यकर्ता सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे.
इस मामले में अलीगढ़ में गुरुवार को आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं में काफी आक्रोश देखने को मिला. यहां पार्टी कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पर पहुंचे. कार्यकर्ता ने चेतावनी दी कि जल्द गिरफ्तारी नहीं हुई तो वो भूख हड़ताल के साथ ही सड़कें जाम कर देगें.
'गिरफ्तारी नहीं हुई तो आरोपी को खुद ही सजा देगें'
इस दौरान उन्होंने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन भी सौंपा. इसमें आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है. कार्यकर्ताओं ने चंद्रशेखर पर हुए हमले के बाद जेड सुरक्षा श्रेणी की मांग की है. कहा अगर, सुरक्षा नहीं मिली तो सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे. उन्होंने ये भी कहा कि गोली चलाने वाला हमलावरों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वो आरोपी को खुद ही सजा देंगे.
सरकार को हजम नहीं हो रही बुलंदी: प्रदेश सचिव
इस मामले में आजाद समाज पार्टी के प्रदेश सचिव प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि चंद्रशेखर देश के कोने-कोने में पहुंचकर दबे-कुचले लोगों पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ आवाज बुलंद कर रहे हैं. यह बात सरकार को हजम नहीं हो रही है. इसी वजह से उन्हें मारने की कोशिश की गई है. ताकि, वो गरीबों की आवाज को देश के सामने उजागर न कर सकें.
उन्होंने कहा अगर, सरकार ने चंद्रशेखर आजाद को जेड श्रेणी सुरक्षा प्रदान नहीं की तो पार्टी चीफ का इशारा मिलते ही कार्यकर्ता सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे. इसका खामियाजा सरकार को भुगतना पड़ेगा.