अक्सर लोग रुपये कमाने के लिए बड़े-बड़े सपने देखते रहते हैं. रुपये कमाने के लिए पता नहीं लोग कौन कौन सा काम व धंधा व्यवसाय करने के लिए मजबूर होते हैं. लेकिन बिना कुछ किये अचानक अरबपति बन जाये तो लोगों का क्या हाल होगा यह जानकर आप भी हैरान हो जायेंगे. ऐसा ही एक मामला गहमर के सब्जी व्यवसायी के साथ हुआ सब्जी व्यवसायी के रातोरात अरबपति बनने से उसके रातो की नींद व दिन का चैन ही छिन गया.
गहमर गांव के एक सब्जी व्यवसायी का होश तब उड़ गया जब आयकर विभाग से उसके पास टैक्स न जमा करने का नोटिस आ गया. अधिकारियों ने बताया कि उसके खाते एक दो करोड़ नही बल्कि 172 करोड़ 81 लाख 59153 रुपये आए हैं. सब्जी व्यवसायी का कहना है कि ये रुपये उसके नहीं हैं और वह थाने का चक्कर लगा रहा है. आनन-फानन में उसने गहमर कोतवाली में प्रार्थना पत्र देते हुए मदद की गुहार लगाई है. बताया कि यह पैसे उसके नहीं है.
आधार और पैन कार्ड के दुरुपयोग का आरोप
गहमर गांव के मैगरराय पट्टी निवासी विनोद रस्तोगी ने गहमर थाना पहुंचकर बताया कि उसके आधार और पैन कार्ड का किसी ने दुरुपयोग कर खाता खोल लिया है. और उस खाते में एक बड़ी राशि चेक के माध्यम से जमा की गई है और आयकर विभाग द्वारा मुझे टैक्स अदा करने की नोटिस आई तो मुझे इस बात की जानकारी हुई. मेरे दस्तावेज के साथ धोखाधड़ी कर खाता खुलवाया गया है. विनोद रस्तोगी का कहना है कि ना तो यह मेरा खाता है और नही खाता में पड़े रुपये मेरे हैं. गहमर थाने से उसे जिला मुख्यालय साइबर सेल जाने को कहा गया.
इस बाबत गहमर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक पवन कुमार उपाध्याय ने बताया कि मामला साइबर क्राइम का है इसलिए उसे साइबर सेल भेजा गया है पूरे मामले की जांच पड़ताल करने के बाद इसका खुलासा किया जाएगा.
विनय सिंह की रिपोर्ट