उत्तर प्रदेश के कानपुर में नौ दिन पहले एक किसान ने आत्महत्या की थी. पुलिस ने इस मामले में एक व्यापारी को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि बीजेपी नेता ने किसान की छह करोड़ की जमीन हड़पकर व्यापारी के हाथ बेच दी थी. बीजेपी नेता ने किसान को जमीन के बदले 6 करोड़ 20 लाख का फर्जी चेक दिया था. फिर उसे वापस ले लिया था. इससे परेशान होकर किसान ने ये कदम उठाया था.
दरअसल, कानपुर में भाजपा नेता प्रियरंजन आशु दिवाकर ने धोखा देकर किसान बाबू सिंह कुशवाहा से छह करोड़ रुपये की जमीन ली थी. जब उसे ठगी का अहसास हुआ तो उसने आत्महत्या कर ली. इस मामले में पुलिस ने नौ दिन बाद कार्रवाई करते हुए जमीन खरीदने वाले व्यापारी राहुल जैन को दिल्ली से गिरफ्तार किया है.
बीजेपी नेता समेत छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज
इस मामले में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 12 विधायकों की एक टीम को किसान बाबू सिंह के घर भेजा. उन्होंने किसान के परिवार से मुलाकात करके पुलिस प्रशासन से आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की. इस मामले में पुलिस अब तक मुख्य आरोपी बीजेपी नेता दिवाकर को गिरफ्तार नहीं कर पाई है. जबकि किसान की पत्नी ने बीजेपी नेता दिवाकर समेत छह लोगों के खिलाफ जमीन हड़पने और आत्महत्या के लिए मजबूर करने के मामले में एफआईआर दर्ज कराई थी.
'किसके अकाउंट से दिया गया चेक'
इस मामले में जॉइंट कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी ने बताया कि शासन से निर्देश मिलने पर वो खुद इस केस की मॉनिटरिंग कर रहे हैं. जांच में सामने आया है कि किसान को 6 करोड़ 20 लाख का फर्जी चेक दिया गया था. जो बाद में ले लिया गया. ये चेक किसके अकाउंट से दिया गया, इसकी भी जांच की जा रही है. पुलिस ने इस मामले में राहुल जैन को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया है. बाकी आरोपियों की भी गिरफ्तारी की कोशिश की जा रही है. इस मामले में डीएम कमिश्नर से लेकर प्रदेश स्तर के अधिकारी प्रतिदिन जानकारी ले रहे हैं.
बीजेपी नेता की पत्नी भी फरार
बता दें, बीजेपी नेता ने मैनपुरी से पिछला विधानसभा चुनाव लड़ा था. पुलिस प्रदेश के कई जिलों में उसकी तलाश के लिए दबिश दे चुकी है. बीजेपी नेता की पत्नी कानपुर मेडिकल कॉलेज में डॉक्टर है. रिपोर्ट दर्ज होने के बाद से वो भी लापता है. दिवाकर ने किसान से 25 लाख रुपये में 6 करोड़ की जमीन का एग्रीमेंट पत्नी और साल के नाम कराया था. मगर, 6 करोड़ 20 लाख का चेक देने के बाद उसे गड़बड़ बातकर वापस ले लिया था. फिर उसे कोई पैसा भी नहीं दिया. इससे परेशान होकर किसान ने सुसाइड किया था.