लखनऊ के रहमानखेड़ा क्षेत्र में पिछले 15 दिनों से एक बाघ की मौजूदगी ने दहशत फैला दी है. गुरुवार सुबह कटौली गांव में बाघ दिखाई दिया, जिसे देखकर खेतों में काम कर रहे किसान सहम गए. मीठे नगर ग्राम पंचायत के दुगोली गांव के राम लखन यादव ने अपनी आंखों से बाघ देखा और डर के मारे अपनी साइकिल और घास छोड़कर भाग खड़े हुए.
वन विभाग ने बाघ की लोकेशन कटौली और मीठे नगर गांव के आसपास बताई है. पगचिह्नों के आधार पर यह वयस्क बाघ बताया जा रहा है. बाघ के कारण अन्य वन्यजीव भी शहर की तरफ भाग रहे हैं. विभाग ने छह गांवों में अलर्ट जारी करते हुए ग्रामीणों को रात में बाहर ना निकलने की सलाह दी है.
विभाग ने छह गांवों में अलर्ट जारी किया
कटौली और मीठे नगर में बाघ की खबर मिलने के बाद ग्रामीण बच्चों को लेने सुबह ही स्कूल पहुंच गए. जमाल नगर गांव के स्कूलों में सुरक्षा के मद्देनजर छुट्टी कर दी गई. स्कूल प्रबंधक रामनाथ ने बताया कि बच्चों की सुरक्षा को लेकर अलर्ट जारी है.
इस मामले पर अपर मुख्य वन संरक्षक रेणु सिंह और प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) अनुराधा भीमरी समेत अन्य अधिकारियों ने प्रभावित गांवों का दौरा किया. डीएफओ सितांशु पांडेय ने बताया कि चार टीमें पेट्रोलिंग कर रही हैं. 12 ट्रैप कैमरे और थर्मल ड्रोन से बाघ की निगरानी हो रही है. विभाग ने केज लगाए हैं और ग्रामीणों को झुंड में चलने की सलाह दी गई है.
12 ट्रैप कैमरे और थर्मल ड्रोन से बाघ की निगरानी
वन विभाग का कहना है कि इस समय मंडौली और उलरापुर गांव को येलो जोन में हैं. रेड जोन नहीं, क्योंकि बाघ अभी गांव के अंदर नहीं जा रहा है. सिर्फ नाले के आसपास की जगह पर है. इसी के आसपास उसकी लोकेशन ट्रेस हो रही है.