UP News: चित्रकूट जेल में बंद मऊ विधायक अब्बास अंसारी से की मुश्किलें और बढ़ गई हैं. धोखाधड़ी से एक शस्त्र लाइसेंस पर कई असलहे खरीदने के मामले में अब्बास अंसारी की जमानत अर्जी एमपी एमएलए कोर्ट ने खारिज कर दी है. इस मामले में अक्टूबर 2019 में अब्बास पर लखनऊ की महानगर कोतवाली में केस दर्ज हुआ था.
अब्बास ने पेपर मिल कॉलोनी के पते पर शस्त्र लाइसेंस लिया था. आरोप है कि अब्बास अंसारी ने अवैध तरीके से शस्त्र लाइसेंस को अपने पिता सांसद मुख्तार अंसारी के नई दिल्ली पते पर ट्रांसफर कराया था. मामले में 12 अक्टूबर 2019 को लखनऊ के महानगर थाने में अब्बास अंसारी के खिलाफ पुलिस की तरफ से FIR दर्ज की गई थी.
लखनऊ की कोर्ट ने जारी किया था गैर-जमानती वॉरेंट
जांच-पड़ताल के दौरान अब्बास अंसारी के पास से रिवॉल्वर, गन राइफल में मैगजीन और कारतूस बरामद किए थे. जिसके बाद महानगर पुलिस ने 467, 468, 471, 420 और आर्म्स एक्ट की धारा 30 के तहत आरोप पत्र दाखिल किया गया था. फर्जी तरीके से असलहा के ट्रांसफर के इस मामले में अब्बास अंसारी के खिलाफ लखनऊ की एक कोर्ट ने गैर जमानती वारंट भी जारी किया था.
अब्बास अंसारी की पत्नी निकहत भी भेजी गई हैं जेल
विधायक अब्बास अंसारी की पत्नी निकहत अंसारी को 16 फरवरी तक न्यायिक हिरासत (Judicial Custody) में भेजा गया है. निकहत को पुलिस ने भारी सुरक्षा इंतजामों के बीच रिमांड मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया था. पत्नी निकहत अंसारी चोरी छुपे हर दिन जेल जाती थीं. वहां वो तीन से चार घंटे अपने पति के साथ बिताती थीं.
इसी बीच जेल में अचानक पड़े छापे के दौरान वह पकड़ी गईं. इसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया है. इस मामले में जेलर समेत जेल के कई अधिकारियों पर भी गाज गिरी है. उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है. साथ ही 7 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है.