अपने तेवरों से सुर्खियों में रहने वाले सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने एक बार फिर अखिलेश यादव पर जुबानी वार किए हैं. सुभासपा के दो बागी नेताओं के सपा कार्यालय में पहुंचने के बाद राजभर हमलावर हुए हैं. उनका आरोप है कि अखिलेश सुभासपा को खत्म करना चाहते हैं. कहा कि चुनाव से पहले अखिलेश हमें सीट नहीं देना चाहते थे. वो तब से हमारे नेताओं को तोड़ने की कोशिश कर रहे हैं.
अखिलेश को विरासत में मिली है समाजवादी पार्टी
राजभर ने कहा कि अखिलेश को समाजवादी पार्टी विरासत में मिली है जबकि मैंने मेहनत से अपनी पार्टी खड़ी की है. इस दौरान राजभर ने सपा नेता उदयवीर पर भी हमला बोला. कहा कि उदयवीर का पर्चा तो लोगों ने फाड़कर फेंक दिया था. अखिलेश यादव की कृपा पर खाने वाले राजपूत समाज के लोगों को नहीं इकट्ठा कर सकते.
अखिलेश की साजिश का खुलासा हो गया है
सपा दफ्तर जाने वाले नेताओं के मामले में राजभर ने एक वीडियो दिखाते हुए कहा कि ये चोरी से क्यों जा रहे हैं. अखिलेश की साजिश का खुलासा हो गया है. कहा कि जो हमारी पार्टी की गाड़ी से चलता हो, अचानक उसके घर के बाहर तमाम गाडियां खड़ी हो जाएं तो ये कैसे हुआ. ये अखिलेश ने भेजी हैं.
ये सपा और अखिलेश का स्टिंग ऑपरेशन है
वीडियो को लेकर कहा कि ये सपा और अखिलेश का स्टिंग ऑपरेशन है. तंज कसते हुए कहा, "उनका नवरत्न कह रहा है कि ये राजनीतिक मुलाकात है लेकिन मिलने वाला बोल नहीं रहा क्योंकि उसने माल लिया है. जब तक ये नवरत्न अखिलेश को जमीन में दफना नहीं देंगे तब तक नहीं मानेंगे".
शिवपाल के आने से न लाभ है न हानि
राजभर ने कहा कि ये लोग कुछ नहीं कर पायेंगे. सिर्फ राजभर को गालियां दे पाएंगे. वहीं, शिवपाल के साथ आने पर कहा कि उनके आने से न लाभ है न हानि. चाहे शिवपाल बुलाएं पर मैं नहीं जाऊंगा. उधर, सूबे कि डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक से मुलाकात पर राजभर ने कहा, "पहले से मैं उनको पसंद करता हूं. मैं सबसे मिलता हूं. राम गोपाल यादव सीएम योगी से मिल लें तो कोई कसूर नहीं, पर मैं सीएम योगी से मिल लूं तो कसूर है".