scorecardresearch
 

यूपी: पिता ने ही कर दी 27 साल के बेटे की हत्या, ईंट से कूचकर उतारा मौत के घाट! वजह कर देगी हैरान

बताया जा रहा है कि पिता संजीव (55) दूसरी शादी करना चाहता था, जबकि उसका बेटा सचिन (27) उसमें बाधक बना हुआ था. इसी को लेकर दोनों में विवाद होता रहता था. फिर एक दिन उसने खौफनाक प्लानिंग की जिसे जानकर हर कोई दंग रह गया.

Advertisement
X
मेरठ में पिता ने साथियों संग मिलकर की बेटे की हत्या, मृतक (बाएं), आरोपी (दाएं)
मेरठ में पिता ने साथियों संग मिलकर की बेटे की हत्या, मृतक (बाएं), आरोपी (दाएं)

Uttar Pradesh News: मेरठ के थाना सरधना से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक पिता ने साथी के साथ मिलकर अपने ही 27 साल के बेटे की हत्या कर दी. इस वारदात को अंजाम देने के लिए उसने 5 लाख की सुपारी दी थी. आरोप है कि पिता ने पहले तो साथी के साथ मिलकर बेटे को शराब पिलाई फिर उसकी हत्या कर शव को बागपत के हिंडन नदी के पास फेंक दिया. पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद शव को बरामद कर लिया है और आरोपी पिता व उसके साथी को भी गिरफ्तार कर लिया है. 

Advertisement

दरअसल, ये पूरा मामला मेरठ की सरधना थाना क्षेत्र के छुर गांव का है. जहां एक पिता ने अपने साथी के साथ मिलकर अपने ही बेटे की हत्या कर दी. आरोपी पिता रिटायर फौजी है और फिलहाल में एक बैंक में गार्ड की नौकरी कर रहा था. बताया जा रहा है कि पिता संजीव दूसरी शादी करना चाहता था, जबकि उसका बेटा सचिन उसमें बाधक बना हुआ था. इसी को लेकर दोनों में विवाद होता रहता था. 

संजीव और उसकी पत्नी मुनेश के बीच पिछले 15 साल से अनबन चल रही थी. वे दोनों अलग-अलग रह रहे थे. उनका 27 साल का एकलौता बेटा सचिन मां मुनेश के साथ रहता था. वो पिता की दूसरी शादी के खिलाफ था.

पिता ने ऐसे की थी बेटे की हत्या 

जानकारी के मुताबिक, मंगलवार 22 अगस्त को सचिन (27) नाम का युवक अपनी मां मुनेश देवी को अस्पताल में देखने के लिए घर से निकला था. लेकिन वह अस्पताल नहीं पहुंचा. इसके बाद मां ने सचिन के साथ अनहोनी की आशंका जताते हुए पुलिस से शिकायत की. पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की पूछताछ के बाद पुलिस को सचिन के पिता संजीव (55 ) पर शक हुआ. 

Advertisement

ये भी पढ़ें- जिसकी हत्या के केस में पति गया जेल, उसी के भाई से बन गए पत्नी के संबंध, फिर हुआ खूनी खेल!

पुलिस ने संजीव को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की. पहले तो संजीव कुछ भी बताने को तैयार नहीं था लेकिन पुलिस की सख्ती और पूछताछ में आखिरकार संजीव ने खुलासा किया की उसने ही अपने एक साथी को 5 लाख की सुपारी देकर बेटे सचिन की हत्या की है. 

संजीव ने बताया कि 22 तारीख को ही उसने अपने क्रिमिनल साथी अमित के साथ मिलकर सचिन को धोखे से बपारसी के जंगल में बुलाया था. इसके बाद तीनों ने साथ बैठकर शराब पी और फिर उसी बोतल से सचिन के सिर पर वार कर उसे घायल कर दिया. सचिन के संभालने से पहले ही दोनों ने उस पर ईंट और बोतल से वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया. पुलिस के अनुसार, आरोपी पिता ने बताया कि अक्सर उसका बेटे से झगड़ा होता रहता था. इसलिए उसने इस वारदात को अंजाम दिया. 

हत्या के बाद दोनों ने शव को ठिकाने लगाने के लिए उसे हिंडन नदी में फेंक दिया था. संजीव के बयान के आधार पर पुलिस ने हत्या में शामिल साथी अमित को भी गिरफ्तार कर लिया है. दोनों हत्यारोपियों की निशानदेही पर पुलिस रविवार सुबह से ही सचिन के शव की तलाश में जुटी थी. 

Advertisement

शव को खोजने में सरधना पुलिस के निजी गोताखोर और पीएसी के गोताखोरों की भी अहम भूमिका रही. सचिन का शव बरामद होने के बाद बागपत पुलिस ने पंचनामा भर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर सचिन की बाइक और मोबाइल भी बरामद कर लिया है. बाइक की नंबर प्लेट तोड़ दी गई थी और उसे किसी दूसरी जगह पर छिपा दिया था. हालांकि, उसकी चाबी निकालना आरोपी भूल गए थे. वहीं, सचिन के मोबाइल को भी आरोपियों ने घटनास्थल से 10 किलोमीटर दूर उपले के ढ़ेर में छिपा दिया था. 


Advertisement
Advertisement