उत्तर प्रदेश विधानसभा में समाजवादी पार्टी पीडीए फॉर्मूले के तहत वंचित चेहरे को नेता प्रतिपक्ष बनाने की तैयारी कर रही है. अब इस दौड़ में तूफानी सरोज (Tufani Saroj) का नाम भी जुड़ गया है. तूफानी सरोज तीन बार के सांसद हैं और जौनपुर की केराकत सीट से मौजूदा विधायक हैं. सपा मुखिया अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने इस बार उनकी बेटी प्रिया सरोज को मछलीशहर सीट से चुनाव लड़ाया था, जिसमें जीतकर वह देश की संसद में पहुंची हैं.
सूत्रों के अनुसार, सपा मुखिया अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) पूर्वांचल के पासी वोटरों पर अच्छी पकड़ रखने वाले तूफानी सरोज को यह जिम्मेदारी सौंप सकते हैं. पहले इस पद के लिए इंद्रजीत सरोज (Indrajit Saroj) का नाम आगे चल रहा था. सूत्रों की मानें तो कुछ वरिष्ठ नेताओं ने बीएसपी कैडर से आने के कारण इंद्रजीत सरोज के नाम पर असहमति जताई है.
जानकारी के मुताबिक, समाजवादी पार्टी विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के नाम का ऐलान जल्द ही कर देगी. इसके लिए इंद्रजीत सरोज, रामअचल राजभर और तूफानी सरोज का नाम सबसे आगे चल रहा है. इसको लेकर सपा के विधायकों की बैठक भी बुलाई गई थी, जिसमें सभी विधायकों ने ये फैसला राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के ऊपर छोड़ दिया है.
अखिलेश यादव ने दिया था इस्तीफा
इससे पहले विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष का पद अखिलेश यादव खुद अपने पास रखे हुए थे. सपा मुखिया मैनपुरी की करहल सीट से विधायक थे. हालांकि 2024 में उन्होंने कन्नौज से लोकसभा का चुनाव लड़कर जीत हासिल की, जिसके बाद वह दिल्ली की राजनीति कर रहे हैं. उन्होंने करहल सीट से इस्तीफा दे दिया था और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष का पद भी छोड़ दिया था. उसके बाद ये भी अटकलें लगाई गईं कि अखिलेश यादव अपने चाचा शिवपाल यादव को यह जिम्मेदारी सौंप सकते हैं, लेकिन सपा की नजर पिछड़े समाज पर है.