उत्तर प्रदेश सरकार ने 19 जुलाई को एक बड़े वृक्षारोपण अभियान का आयोजन किया, जिसके तहत राज्य में 36.51 करोड़ पौधे लगाए गए. इसके लिए प्रदेश के कई जिलों में वन विभाग के सहयोग से प्लांटेशन ड्राइव आयोजित की गई थी. यूपी की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल वृक्षारोपण अभियान में शामिल होने के लिए सीतापुर पहुंची थीं. लेकिन यहां पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने पर वह अधिकारियों पर भड़क गईं.
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अधिकारियों को सार्वजनिक रूप से फटकार लगाई. उन्होंने वृक्षारोपण कार्यक्रम में वन विभाग के अधिकारियों और अन्य प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा, 'हमें इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि पेड़ कैसे लगाए जाएं... जो लोग ठीक से काम नहीं करते उन्हें डांटना मेरा स्वभाव है. यह हमारी जिम्मेदारी है. खोदे गए गड्ढे इतने गहरे नहीं थे कि बड़े पौधों को संभाल सकें. बड़े पौधों के लिए छोटे-छोटे गड्ढे खोदे गए थे. यह कौन देखेगा, आपकी ही जिम्मेदारी थी.'
अधिकारियों से राज्यपाल बोलीं- मैं माफ नहीं करूंगी
राज्यपाल ने अधिकारियों से कहा कि उन्होंने पेड़ों को ठीक से कैसे लगाया जाए, इसको लेकर स्पष्ट निर्देश जारी किए थे. उन्होंने प्रशासनिक और वन विभाग के अधिकारियों की आलोचना करते हुए कहा कि यह सुनिश्चित करना उनकी जिम्मेदारी थी कि कार्यक्रम ठीक से आयोजित हो. उन्होंने कहा, 'मैं आप सबको माफ नहीं करूंगी... यह कल प्रेस में आ जाएगा लेकिन यह कहना जरूरी है.' बिना किसी का नाम लिए उन्होंने कहा कि संबंधित मंत्रियों को यह भी जांचना चाहिए था कि वृक्षारोपण के लिए उचित व्यवस्था की गई हो.
सीतापुर में वृक्षारोपण के दौरान राज्यपाल आनंदीबेन पटेल का फूटा गुस्सा, भरे मंच से ही अधिकारियों की लगा दी क्लास।
— UP Tak (@UPTakOfficial) July 20, 2024
दरअसल, वन विभाग ने बड़े पेड़ों को लगाने के लिए छोटे-छोटे गड्ढे किए थे, जिसे देखते ही राज्यपाल भड़क गईं, सुनिए उन्होंने क्या कहा।#AnandibenPatel #Governor… pic.twitter.com/ykYppKQFpW
कार्यक्रम में नहीं पहुंचे सीतापुर से आने वाले दोनों मंत्री
यूपी के शहरी विकास राज्य मंत्री राकेश राठौड़ और कारागार राज्य मंत्री सुरेश राही सीतापुर से आते हैं. वे दोनों ही गवर्नर के कार्यक्रम में मौजूद नहीं थे. राज्यपाल ने कहा, 'कई संगठनों के सदस्य खैराबाद के आर्मी लैंड में प्लांटेशन ड्राइव के लिए उपस्थित हैं, इस अवसर का प्रभावी ढंग से उपयोग करना महत्वपूर्ण था.' उन्होंने वृक्षारोपण कार्यक्रम में आए प्रतिभागियों और शिक्षकों की भी आलोचना की और कहा कि वे अपनी जिम्मेदारियों को समझने की बजाय सेल्फी लेने में अधिक रुचि रखते हैं.
अगर मुझे पता होता तो मैं यहां कभी नहीं आती: गवर्नर
उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा, 'क्या मैं यहां फोटो खिंचाने के लिए आई हूं? मैं डेढ़ घंटे की यात्रा के बाद सीतापुर आई. अगर मुझे (व्यवस्थाओं के बारे में) पता होता तो मैं यहां कभी नहीं आती. अधिकारियों और नेताओं ने इस कार्यक्रम में बड़ी लापरवाही दिखाई है.' बता दें कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में कुकरैल नदी के किनारे अतिक्रमण से खाली कराए गए अकबरनगर में पौधारोपण किया. प्रदेश में एक दिन में वृक्षारोपण का रिकॉर्ड बना. कुल 35 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य था, और 36.45 लाख अधिक पौधे लगाए गए.