03 Apr 2025
By: Deepak Chaturvedi
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने भारत पर 27 फीसदी का रेसिप्रोकल टैरिफ लगाया है.
इसका कई सेक्टर्स पर बड़ा असर देखने को मिल सकता है, दरअसल भारत अमेरिका को ई चीजें बेचता है और इनका बड़ा कारोबार है.
कुछ खास चीजों की बात करें, तो इनमें भारत दवाइयां, मोती, महंगे पत्थर समेत कई चीजें अमेरिका को बेचता है और टैरिफ से इनका कारोबार प्रभावित होगा.
दरअसल, ट्रंप का Reciprocal Tariff लागू होने से अमेरिका भारतीय सामानों पर उतना ही टैरिफ लगाएगा, जितना भारत अमेरिकी सामानों पर लगाता है.
रत्न और आभूषण के निर्यात के मामले में भारत आगे है. भारत के कुल 33 अरब डॉलर के रत्न और आभूषण निर्यात में अमेरिका का हिस्सा 30% यानी $9.9 अरब डॉलर है.
इसमें कटे और पॉलिश किए गए हीरे शामिल है और जड़े हुए सोने के गहने और हीरे भी शामिल हैं.
भारत अमेरिका के जेनेरिक दवा आयात का 47% हिस्से की आपूर्ति करता है और ये भारतीय दवाएं अमेरिकी हेल्थ सिस्टम में एक अहम रोल निभाती हैं. हालांकि, फार्मा सेक्टर को ट्रंप ने राहत दी है.
अमेरिका से निर्यात करने वाली प्रमुख कंपनियां जैसे -जेएलआर के वाहनों पर भी टैरिफ लगेगा, इंजन, ट्रांसमिशन और पावरट्रेन जैसी प्रमुख घटकों पर भी टैरिफ का असर पड़ेगा.
अमेरिका में भारतीय कपड़ों की खासी डिमांड है और FY24 में अमेरिका को कुल 9.6 अरब डॉलर के कपड़ों और वस्त्र का निर्यात किया गया है.
भारत के Appearel निर्यात का 28 फीसदी सिर्फ अमेरिका में है. ऐसे में इस सेक्टर पर भी असर दिख सकता है.
इस बीच बता दें कि कुछ चीजों को ट्रंप टैरिफ से छूट मिली है, इनमें कॉपर, लकड़ी के सामान, कुछ महत्वपूर्ण खनिज, एनर्जी प्रोडक्ट्स.