UPSC के वो सवाल जिनके जवाबों ने बनाया IAS, जनवरी में इंटरव्यू देने वाले कैंडिडेट्स जरूर पढ़ें

23 Dec 2024

यूपीएससी मेंस परीक्षा पास करने के बाद बारी आती है इंटरव्यू की. ये इंटरव्यू ही वो कड़ी होते हैं जिसमें अभ्यर्थी के व्यक्तित्व को परखा जाता है.

वैसे तो इस इंटरव्यू में पैनलिस्ट बहुत डिटेल और गंभीर सवाल पूछते हैं, लेकिन कई बार अभ्यर्थ‍ियों से कुछ ट्रिकी सवाल भी पूछे जाते हैं.

इसमें आपके जवाब सही या गलत, इससे ज्यादा आपका आत्मविश्वास, आपका नजरिया और आपके कहने का तरीका सब परख लिया जाता है.

पिछले सालों की परीक्षाओं में यूपीएससी निकालने वाले अभ्यर्थ‍ियों से जानिए कि उनसे ऐसे कौन से ट्रिकी सवाल पूछे गए, जिनके जवाबों ने पैनल को संतुष्ट किया.

झारखंड के रहने वाले यश जलुका को UPSC-2020 में ऑल इंडिया चौथी रैंक हासिल हुई है. उनसे इंटरव्यू पैनल द्वारा ये ट्रिकी सवाल पूछा गया.

भारत में सीबीआई जैसी जांच एजेंसियां स्वतंत्र हैं कि नहीं?

इसके जवाब में उन्होंने कहा कि मेरे विचार से भारत में सीबीआई समेत अन्य जांच एजेंसियां आंश‍िक रूप से ही स्वतंत्र हैं. इसके टॉप ऑफ‍िसर्स का चयन सरकार ही करती है.

वो कहते हैं कि मैंने जवाब के साथ यह सुझाव भी दिया कि इन एजेंसियों के लिए संसद में एक कमेटी ऐसी होनी चाहिए जहां कोई भी एजेंसी ये सूच‍ित करे कि उनके छापेमारी के पीछे वजह क्या है.

उनके पास किस तरह के एविडेंस हैं जिसके आधार पर यह कार्रवाई हो रही है. भले ही यह जनता से गुप्त रखा जाए लेकिन विपक्ष को इसके बारे में पता होना चाहिए.

UPSC 2018 में 97वीं रैंक पाने वाली देहरादून की हिमाद्री कौशिक ने इस सवाल का जवाब देने के बजाय मुस्कुरा दिया और फिर कहा कि सर, बस मुझे पसंद है.

पुरुषों का खेल फुटबॉल क्यों पसंद है? ये तो पुरुषों का गेम है, ये रफ गेम है

उनके कॉन्फिडेंस और हंसी को देखकर वहां बोर्ड में बैठे दूसरे लोग भी मुस्कुराने लगे.

वो बताती हैं कि इसके बाद मुझसे भारतीय फुटबॉलर के बारे में भी पूछा जिसके जवाब में मैंने नेशनल टीम के बारे में बताया. 

274 रैंक हासिल करने वाली ऋचा ने इसका काफी विस्तृत तरीके से जवाब दिया. इसके जवाब में उन्होंने इसके पीछे हिस्टोरिकल रीजन से लेकर नीतिगत आदि बिंदुओं पर जवाब दिया.

आख‍िर दूसरे राज्यों से क्यों पीछे है बिहार?

इसके जवाब में उन्होंने इसके पीछे हिस्टोरिकल रीजन से लेकर नीतिगत आदि बिंदुओं पर जवाब दिया. सिवान के बारे में भी पैनल ने सवाल किया, इस पर रिचा ने बताया कि देश के प्रथम राष्ट्रपति की जन्मस्थली है. 

सवाल के जवाब में पहला रीजन हिस्टोरिकल बताया. इसमें उन्होंने बताया कि आजादी के बाद से औद्योगिक नीति और freight equalisation policy (माल ढुलाई समीकरण नीति) थी, ये सही से लागू नहीं हुई.

इसके अलावा एक रीजन है साल 1991 में आई इंडिया की नई आर्थिक नीति जो यहां अच्छे ढंग से लागू नहीं हुई.

आशीष कुमार का साल 2019 में यूपीएससी में चयन हुआ. उनसे बीजेपी नेता के हाई प्रोफाइल मामले से संबंधित सवाल पूछा गया था, इस मामले में उस दौरान चर्चा थी कि रेप पीड़िता के पिता की जेल में मौत हो गई.

एक पीड़‍िता के पिता की जेल में मौत हो गई, अगर आप उस जेल के जेलर होते तो क्या करते?

उनसे सवाल पूछा गया कि अगर आप उस जेल के जेलर होते तो क्या करते. आशीष कहते हैं, ''इस सवाल पर मैंने बिना कुछ सोचे, वही जवाब दिया जो मैं पहले भी खबरें पढ़ते हुए सोच रहा था.''

''मैंने कहा कि मैं सबसे पहले पूरे मामले की निष्पक्ष जांच पर जोर देता. मैं पता लगाता कि जहां वो घटना हुई, वहां के सीसीटीवी कैमरे ठीक से काम कर रहे थे या नहीं.''

साल 2021 की नौवीं रैंक की टॉपर अपाला मिश्रा से तमाम सवालों के साथ कुछ ट्र‍िकी सवाल भी पूछे गए.

साड़ी पर बनी बॉर्डर क्या दर्शाती है?

सबसे रोचक और सबसे अलग सवाल अपाला से यह पूछा गया कि उन्होंने साड़ी किस तरह की पहनी है और उनकी साड़ी पर बनी बॉर्डर क्या दर्शाती है.

जवाब में उन्होंने कहा कि इस साडी के बॉर्डर पर वर्ली पेंटिग की गई है. यह महाराष्ट्र के सह्याद्री से आती है. बॉर्डर पर किया गया आर्ट वर्क सामान्य जन जीवन को दर्शाता है.