20 Aug 2024
Credit: Instagram
जावेद अख्तर और सलीम खान की डॉक्यू-सीरीज 'एंग्री यंगमैन' स्ट्रीम हो गई है. इसमें दिग्गज गीतकार जावेद ने अपने स्ट्रगल को शेयर किया है.
उन्होंने बताया जब वो मुंबई आए तो सिटी में सर्वाइव करना उनके लिए कितना मुश्किल था. उनके पास कपडे़ और खाना नहीं हुआ करता था.
बीते पलों को याद कर वो रोने लगे. जावेद ने बताया भोपाल में ग्रैजुएशन करने के बाद वो मुंबई गए. गुरु दत्त या राज कपूर के साथ बतौर असिस्टेंट डायरेक्टर काम करने का ख्वाब देखते थे.
मुंबई में वो अकेले थे. कभी दोस्तों संग रहे, कई बार रेलवे स्टेशन, पार्क के बेंच और स्टूडियो कंपाउड में सोए थे. एक वक्त ऐसा भी आया जब उनके पास कपड़े नहीं थे.
वो कहते हैं- सर्वाइवल का स्ट्रगल इंटेंस था. मेरा लास्ट और इकलौता ट्राउजर इस हद तक फट गया था कि उसे दोबारा नहीं पहना जा सकता था. मेरे पास और कोई ट्राउजर नहीं था.
जावेद ने 15 साल की उम्र में अपनी आंटी का घर छोड़ा था, उन्होंने कभी फैमिली से मदद नहीं मांगी थी. खुद के दम पर सब करना चाहते थे.
शबाना ने बताया जावेद की लाइफ में वो पल भी आया जब उन्होंने 3 दिनों तक कुछ नहीं खाया था.
इमोशनल होते हुए जावेद बोले- अगर जिंदगी में तुम खाने और सोने से वंचित होते हो, ये आप पर गहरा प्रभाव छोड़ता है. जिसे आप कभी नहीं भुला सकते.
आज भी जब मैं लग्जरी होटल में जाता हूं. मुझे पुराने दिनों की याद आती है. कभी मुझे ट्रॉली पर ब्रेकफास्ट मिलता है. जिसमें बटर, जैम, हाफ-फ्राई एग्स, कॉफी होती है.
ये देखकर मैं खुद से कहता हूं- तेरी औकात थी? क्या मैं ये डिजर्व करता हूं? आज भी, मुझे लगता है ऐसा ब्रेकफास्ट मेरे लिए नहीं है.