'महिलाओं का शोषण-पिटाई देख सकते हैं, मगर Kiss से दिक्कत', सेंसरशिप पर बोलीं डायरेक्टर

29 अगस्त 2024

फोटो सोर्स: इंस्टाग्राम

डायरेक्टर जोया अख्तर ने ओटीटी पर सेंसरशिप न होने को लेकर बात की है. उन्होंने ये भी बताया कि क्या ये बतौर फिल्ममेकर उनके लिए अच्छी बात है या नहीं.

जोया ने कही बड़ी बात

इंडियन एक्सप्रेस के एक्सप्रेसो सेशन के दौरान जोया ने कहा कि फिजिकल इंटीमेसी दिखाने के मामले में कोई सेंसरशिप नहीं होनी चाहिए.

उन्होंने कहा, 'स्क्रीन पर सहमति से हुई इंटीमेसी दिखाना जरूरी है. मैं उस वक्त में बड़ी हुई हूं जब महिलाओं को स्क्रीन पर बुली होते, पिटते, हैरेस होते और उनका यौन शोषण होते दिखाया जाता था.'

'इससे सब सहमत थे, लेकिन आप एक किस स्क्रीन पर नहीं देख सकते. लोगों को प्यार, नाजुक पल, दो वयस्क लोगों के बीच फिजिकल इंटीमेसी देखने की अनुमति भी होनी चाहिए.'

इसपर डायरेक्टर से कहा गया कि अगर सेंसरशिप नहीं होगी तो लोगों के स्क्रीन पर इंटीमेसी दिखाने की हद भी खत्म हो जाएगी. इस बात को जोया ने भी माना और इसपर अपने विचार रखे.

जोया ने कहा कि हर फिल्म की अपनी टोन होती है और हर फिल्ममेकर अपनी तरह से कहानी सुनाता है. रमेश सिप्पी की 'शोले' और  टैरेनटीनो की फिल्मों में हिंसा अलग तरह से दिखाई गई है. 

प्रोजेक्ट्स की बात करें तो जोया अख्तर ने पिछली बार फिल्म 'द आर्चीज' और 'खो गए हम कहां' को बनाया था. दोनों ही नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुई थीं.