आमतौर पर सीढ़ियां चढ़ते समय घुटनों में होने वाले दर्द को कोंड्रोमलेशिया पटेला और अर्थराइटिस समझा जाता है. लेकिन इसके अलावा और भी कई कारण हैं जिसकी वजह से घुटनों में दर्द हो सकता है.
आज हम आपको उन्हीं सब कारणों के बारे में बताने जा रहे हैं. साथ ही, जानें कैसे इस समस्या को ठीक किया जा सकता है.
इस समस्या को runner's knee के नाम से भी जाना जाता है. यह तब होती है जब घुटने की कैप के पीछे का चिकना कार्टिलेज सॉफ्ट या टूटने लगता है. इससे चलने या पैर मोड़ने में काफी ज्यादा दिक्कत का सामना करना पड़ता है.
सीढ़ियां चढ़ते और उतरते समय, घुटने मोड़ने पर, चढ़ाई से उतरते वक्त और लंबे समय तक बैठे रहने के बाद उठने में घुटनों में दर्द.
अर्थराइटिस शरीर के किसी भी जोड़ को प्रभावित कर सकती है. यह समस्या तब होती है जब घुटने के पीछे मौजूद कार्टिलेज टूटने लगता है. इससे घुटने की हड्डियों (टिबिया, फिबुला और पटेला ) के बीच का स्पेस कम होने लगता है. जब ऐसा होता है तो इनमें से एक या कई को नुकसान हो सकता है. जिसे अर्थराइटिस कहा जाता है.
घुटने में दर्द, अकड़न, सूजन, घुटनों का जाम हो जाना.
लिगामेंट इंजरी के कारण सीढ़ियां चढ़ते समय दर्द होता है. यह लक्षण किसी दुर्घटना या स्पोर्ट्स इंजरी आदि के तुरंत बाद दिखने लगते हैं.
सूजन, घुटनों से आवाज आना या दर्द होना,भार डालने पर घुटनों का मुड़ जाना.
लिगामेंट इंजरी का सामना बास्केटबॉल, हॉकी या जिमनास्टिक करते समय, गलत फिटिंग के जूते पहनने पर हो सकती है. महिलाओं को भी इस समस्या का सामना करना पड़ता है.
ऐसी स्थिति जिसमें किसी चोट या बहुत ज्यादा उपयोग किए जाने के कारण घुटने की कैप के नीचे स्थित नरम हड्डी को नुकसान पहुंचता है.
इस समस्या का सामना बहुत देर तक घुटने मोड़कर बैठने के बाद जब आप उठते हैं तब करना पड़ता है. इस समस्या के कारण पैर मोड़ने पर आवाज आना और दर्द का सामना भी करना पड़ता है.
घुटनों में अगर आपको किसी भी तरह का दर्द महसूस होता है तो जरूरी है कि आप तुरंत डॉक्टर के पास जाएं और इलाज कराएं.