क्या आप किसी ऐसे व्यक्ति को जानते हैं जो हर वक्त खुद की तारीफ करता है? अपनी आलोचना नहीं सुन पाता?
अगर हां, तो हो सकता है वो व्यक्ति नार्सिसिस्ट पर्सनैलिटी डिसऑर्डर का शिकार हो. आइए जानते हैं क्या है नार्सिसिस्ट पर्सनैलिटी डिसऑर्डर और कैसे करें इसकी पहचान.
नार्सिसिस्टिक पर्सनैलिटी डिसऑर्डर एक ऐसी मानसिक स्थिति है जिसमें व्यक्ति अपने को दूसरों से बेहतर समझता है. केवल अपनी तारीफ सुनना ही पसंद करता है और खुद को सर्वोत्तम मानता है.
ऐसे लोग अपने व्यवहार से दूसरों को अपने प्रति आकर्षित करते हैं, लेकिन उनकी मंशा बस ये होती है कि सामने वाला व्यक्ति उनके अनुसार चले.
नार्सिसिस्टिक पर्सनैलिटी डिसऑर्डर का शिकार व्यक्ति खुद को हर वक्त दूसरों से बेहतर समझता है. आइए जानते हैं इसके लक्षण.
नार्सिसिस्टिक पर्सनैलिटी डिसऑर्डर वाले लोग खुद को बहुत ज्यादा अहमियत देते हैं. वो दूसरों को खुद की तुलना में कम आंकते हैं. ऐसे लोगों की दुनिया बस खुद तक ही सीमित होती है.
नार्सिसिस्टिक पर्सनैलिटी डिसऑर्डर से ग्रस्त लोग हर वक्त दूसरों से स्पेशल ट्रीटमेंट की उम्मीद रखते हैं. उनके अनुसार हर कार्य में उनकी मंजूरी का होना ज़रूरी है. अगर ऐसा नहीं किया जाए तो वो सामने वाले व्यक्ति को बुरा महसूस कराने में कोई कमी नहीं छोड़ते.
नार्सिसिस्टिक पर्सनैलिटी डिसऑर्डर के शिकार लोग हर वक्त खुद की तारीफ करते रहते हैं. वो ऐसा दिखाते हैं कि उन्होंने जीवन में बहुत कुछ पा लिया है.
हालांकि, अगर आप इनके बारे में असल में जानने की कोशिश करेंगे तो पाएंगे कि ये व्यक्ति जितना अपने बारे में दिखा या बता रहे, उसका आधा भी इन्होंने नहीं कमाया है.
नार्सिसिस्टिक पर्सनैलिटी डिसऑर्डर वाले लोग अक्सर दूसरों से बहुत ज्यादा उम्मीदें रखते हैं. उन्हें लगता है सामने वाला व्यक्ति बिना किसी सवाल-जवाब के उन्हें खास महसूस कराता रहे.
ऐसे लोग अपने जीवन में अन्य लोगों को महत्व नहीं देते हैं और न ही उनकी ज़रूरतों को समझने का प्रयास करते हैं.
हर पल अपनी आवश्यकताओं की पूर्ति करना और खुद को श्रेष्ठ समझने वाले ये लोग आवश्यकता पड़ने पर अन्य लोगो को नीचा दिखाने से भी पीछे नहीं हटते हैं.