28 Nov 2024
By- Aajtak.in
घर में मंदिर से जुड़ी कुछ गलतियां नुकसानदायक साबित हो सकती हैं. आप आर्थिक समेत कई परेशानियों से घिर सकते हैं.
वास्तु शास्त्र में कहा गया है कि पूजा घर सही दिशा में होना चाहिए, अगर पूजा घर सही दिशा में नहीं होगा तो इससे लाभ नहीं होगा.
पूजा घर हमेशा घर की उत्तर दिशा में ही होना चाहिए. वास्तु शास्त्र के अनुसार दक्षिण या पश्चिम दिशा अशुभ होती है.
वास्तु शास्त्र के अनुसार, पूजा घर में कभी भी खंडित मूर्तियों की स्थापना नहीं करनी चाहिए. यह अशुभ कहा गया है.
वास्तु शास्त्र के अनुसार, अगर आप मंदिर में स्थापित खंडित मूर्तियों की पूजा करेंगे तो देवता नाराज हो जाएंगे.
वास्तु शास्त्र के अनुसार, पूजा घर कभी भी आपके भंडारगृह, बेडरूम और बेसमेंट में नहीं होना चाहिए.
वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर में हमेशा पूजा घर को एक खुले स्थान पर ही बनाना ठीक कहा गया है.
वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर के पूजा स्थल में कभी भी एक भगवान की एक तस्वीर से ज्यादा तस्वीर न रखें.
यह ध्यान रखें कि कभी मंदिर में गणेश भगवान की 3 प्रतिमाएं नहीं होनी चाहिए. ऐसा होने से शुभ कार्यों में अड़चनें आएंगी.