scorecardresearch
 

यरूशलम में यहूदी मंदिर में गोलीबारी, 7 की मौत, 10 घायल, इजरायल ने बताया आतंकी हमला

यरूशलम से सटे यहूदी मंदिर में शुक्रवार को हुई गोलीबारी में 7 लोगों की मौत हो गई और 10 अन्य घायल हो गए. इजरायल पुलिस ने इसे आतंकी हमला बताते हुए कहा कि यह पूर्वी यरूशलम के कब्जे वाले यहूदी क्षेत्र नेवे याकोव में हुआ. फिलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद ने इसकी तारीफ की, लेकिन हमले का दावा नहीं किया. वहीं, अमेरिका ने इसकी निंदा की है.

Advertisement
X
मरने वालों का आंकड़ा बढ़ सकता है
मरने वालों का आंकड़ा बढ़ सकता है

यरूशलम से सटे यहूदी मंदिर में शुक्रवार को हुई गोलीबारी में 7 लोगों की मौत हो गई और 10 अन्य घायल हो गए. एक बंदूकधारी ने गोलियां बरसा कर 7 लोगों की जान ले ली. बाद में हमलावर को भी मार गिराया गया. इजरायल के विदेश मंत्रालय ने यह जानकारी दी है. इजरायल ने इसे आतंकी हमला बताया है. शुरुआत में इजरायल की एम्बुलेंस सेवा ने मरने वालों की संख्या पांच बताई थी और कहा था कि पांच अन्य घायल हुए हैं, लेकिन बाद में आंकड़ा बढ़ता गया. गोलीबारी के बाद घायलों को जल्द अस्पताल पहुंचाया गया, जिसमें एक 70 वर्षीय महिला भी शामिल है. घायलों की हालत काफी नाजुक है.

Advertisement

इजरायल पुलिस ने आतंकी हमला बताया 

इजरायल पुलिस ने इसे आतंकी हमला बताते हुए कहा कि यह पूर्वी यरूशलम के कब्जे वाले यहूदी क्षेत्र नेवे याकोव में हुआ. गाजा में हमास के प्रवक्ता हजेम कासिम ने कहा, यह ऑपरेशन जेनिन में कब्जे का जवाब है. इस हमले की फिलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद ने तारीफ की, लेकिन हमले का दावा नहीं किया. वहीं, अमेरिका ने इस हमले की निंदा की है.

झड़प में 9 की मौत 

गौरतलब है कि इजरायल-फिलिस्तीन के बीच खूनी संघर्ष रुकने का नाम नहीं ले रहा है. इजरायली सेना और फिलिस्तीन के बीच गुरुवार को हुए एक झड़प में 9 फिलिस्तीनियों की मौत हो गई. इस घटना के बाद इजरायली सेना ने कहा कि उन्होंने किसी भी निर्दोष की हत्या नहीं की है बल्कि वे जेनिन में इस्लामिक जिहाद आतंकवादी संगठन से संबंधित आतंकवादी दस्ते को पकड़ने गए थे.

Advertisement

एक बयान में इजरायली सेना ने कहा कि हमने तीन आतंकियों को मार गिराया. इजरायल द्वारा लगातार हमले पर फिलिस्तीन के प्रधानमंत्री मुहम्मद शतयेह ने संयुक्त राष्ट्र और अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों से सुरक्षा के लिए हस्तक्षेप करने को कहा है.

टाइम्स ऑफ इजरायल ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि इजरायली आर्मी के जवान 26 जनवरी को जेनिन रिफ्यूजी कैंप के अंदर दंगाइयों को गिरफ्तार करने पहुंचे थे. हालांकि वहां मौजूद फिलिस्तीनियों ने हमला कर दिया. फिलिस्तीनियों ने अचानक गोलियां चलानी शुरू कर दी थीं. जिसके बाद इजरायली सेना ने जवाबी कार्रवाई की. 
 

Advertisement
Advertisement