सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में अयोध्या में राम लला की प्राण प्रतिष्ठा संपन्न हुई. प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान की धूम भारत के साथ-साथ दुनिया भर में भी देखी गई. नेपाल, न्यूजीलैंड, दक्षिण कोरिया और इजरायल समेत दुनिया भर के कई देशों ने इस पर प्रतिक्रियाएं दी हैं.
राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्य यजमान थे. उन्होंने विधि-विधान से अनुष्ठान की सभी क्रियाएं पूरी कीं. राम लला की मूर्ति का अनावरण भी प्राण प्रतिष्ठा के दौरान किया गया. प्राण प्रतिष्ठा समारोह के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने राम लला की मूर्ति की आरती उतारी. आइए एक नजर डालते हैं कि अयोध्या में हुई राम लला की प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर किस देश ने क्या कहा?
नेपाल ने क्या कहा?
नेपाल भगवान राम का ससुराल भी है. नेपाल के विदेश मंत्री एनपी सऊद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा है, "जय श्रीराम. भारत के माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा श्री राम मंदिर का उद्घाटन एवं आज प्राण प्रतिष्ठा समारोह का संपन्न होना सनातन धर्म के सभी अनुयायियों के लिए गौरव का पल है. मर्यादा पुरूषोत्तम राम और नेपाल की बेटी माता सीता साहस, त्याग और धार्मिकता के प्रतीक थे. दोनों देश (भारत और नेपाल) के बीच गहन सांस्कृतिक और सभ्यतागत जुड़ाव का प्रतीक है. उनके गुण और आदर्श हमें मानवता की सेवा के लिए हमेशा प्रेरित करते रहें.
Jay Shree Ram!
— NP Saud (@NPSaudnc) January 22, 2024
Inauguration of Ayodhya Ram Mandir by Honorable Prime Minister Shri @narendramodi Ji and accomplishment of sacred Prana Pratishtha ceremony today is a proud moment for all the followers of Sanatan Dharma.
Maryada Purushottam Sri Rama and Mata Sita, daughter of… pic.twitter.com/mrc3zp6BSG
दक्षिण कोरिया ने क्या कहा?
भारत स्थित दक्षिण कोरियाई दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा है, "अयोध्या में राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा के समारोह पर बधाई. यह ऐतिहासिक जगह 48 ई. से ही अयोध्या की रानी श्रीरत्ना (हीओ ह्वांग-ओके) और गया (कोरिया) के राजा किम सुरो के बीच वैवाहिक संबंध के आधार पर भारत-कोरिया संबंधों के लिए एक महत्वपूर्ण प्रतीकात्मक महत्व रखता है."
Congratulations on the consecration ceremony of the #RamTemple in #Ayodhya. The place holds a great symbolic importance for Korea-India relations based on the matrimonial link between Queen #Sriratna (Heo Hwang-ok) from Ayodhya and King Kim Suro from Gaya(Korea) in 48 A.D. https://t.co/1dyUgb1XOg
— Korean Embassy India (@RokEmbIndia) January 22, 2024
इजरायल ने क्या कहा?
राम लला की प्राण प्रतिष्ठा को लेकर भारत में इजरायल के राजदूत नाओर गिलोन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के इस शुभ अवसर पर भारत के लोगों को हार्दिक शुभकामनाएं. यह दुनिया भर के भक्तों के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है. मैं अयोध्या में राममंदिर के जल्द दर्शन के लिए उत्सुक हूं. यकीनन, वह मेरे पास मौजूद इस मॉडल से भी अधिक भव्य और सुंदर होगा."
#राममंदिरप्राणप्रतिष्ठा के इस शुभ अवसर पर भारत के लोगों को हार्दिक शुभकामनाएं। यह दुनिया भर के भक्तों के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है।
— Naor Gilon (@NaorGilon) January 22, 2024
मैं #अयोध्या में #राममंदिर के जल्द दर्शन के लिए उत्सुक हूं; यकीनन वह मेरे पास मौजूद इस मॉडल से भी अधिक भव्य और सुंदर होगा।#RamMandir… pic.twitter.com/EXhgyftoxj
न्यूजीलैंड ने भी दी बधाई
प्राण प्रतिष्ठा समारोह से पहले न्यूजीलैंड के नियमन (रेगुलेशन) मंत्री डेविड सेमोर ने बधाई देते हुए कहा, "मैं भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित भारत के सभी लोगों को बधाई देना चाहता हूं. 500 वर्षों के बाद इस मंदिर का निर्माण संभव हो पाया है. मैं प्रधानमंत्री मोदी के साहस और ज्ञान की कामना करता हूं. मुझे राम मंदिर का दौरा करने में खुशी होगी."
#WATCH | On Pran Pratishtha ceremony, New Zealand Minister for Regulation, David Seymour says "Jai Shree Ram...I want to congratulate everyone in India including PM Modi for his leadership that has made this construction (Ram Temple) possible after 500 years, ready to last… pic.twitter.com/hRPE3cANzn
— ANI (@ANI) January 21, 2024
पाकिस्तान ने फिर अलागा वही राग
राम मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर बाबरी मस्जिद विध्वंस की जगह पर राम मंदिर के उद्घाटन की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि उन्मादी भीड़ ने छह दिसंबर 1992 को सदियों पुरानी मस्जिद को ध्वस्त कर दिया था. ये निंदनीय है कि ना सिर्फ भारत की सबसे बड़ी अदालत ने इस घटना के जिम्मेदार लोगों को बरी कर दिया बल्कि उसी जगह पर राम मंदिर निर्माण की मंजूरी भी दी.