फ्रांस ने पहली बार इस्लामिक स्टेट (आईएसआईएस) के खिलाफ क्रूज मिसाइलें इस्तेमाल की हैं. फ्रांस ने मंगलवार को इराक पर ये क्रूज मिसाइलें दागीं. फ्रांसीसी रक्षा मंत्रालय ने इस खबर की पुष्टि की है.
यूएई और जॉर्डन से किया हमला
फ्रांस ने SCALP लॉन्ग रेंज वाली ये मिसाइलें यूनाइटेड अरब अमीरात (यूएई) और जॉर्डन में बेस्ड अपने फाइटर जेट से दागी हैं. पूर्वी इराक और सीरीया की सीमा पर मौजूद कमांड सेंटर, ट्रेनिंग साइट और लॉजिस्टिक डिपो को निशाना बनाया गया है. फ्रांस पिछले एक महीने से आईएसआईएस के अलग-अलग ठिकानों पर हवाई हमले कर रहा है और कई बार बमबारी कर चुका है.
फ्रेंच मीडिया के मुताबिक इन मिसाइलों का इस्तेमाल पहली बार 2011 में लीबिया में किया गया था. एक मिसाइल की लागत करीब 6,20,00,000 रुपये (9,30,000 डॉलर) आती है.
पेरिस हमले का बदला
आपको बता दें कि पिछले महीने इस्लामिक स्टेट ने फ्रांस की राजधानी पेरिस में कई जगहों पर आत्मघाती हमले किए थे, जिनमें वहां के करीब 130 आम नागरिकों की मौत हो गई थी. न सिर्फ फ्रांस बल्कि पूरी दुनिया इस हमले से हिल गई थी. राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद ने कहा था कि अब वो आईएसआईएस के साथ बेरहमी से निपटेंगे .
रूस और अमेरिका भी कर रहे हैं हमले
रूस और अमेरिका भी आईएसआईएस के कई ठिकानों पर हमले कर चुके हैं. अमेरिका ने साफ कर दिया है कि फिलहाल वो आईएसआईएस के साथ जमीनी लड़ाई नहीं लड़ेगा और हवाई हमले जारी रहेंगे.