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जब व्हाइट हाउस में बजी 'सारे जहां से अच्छा...' की धुन, परोसे गए समोसे-गोलगप्पे, देखें Video

व्हाइट हाउस में एक कार्यक्रम के दौरान 'सारे जहां से अच्छा हिंदोस्तां हमारा...' की धुन बजाई गई. एक साल में ये दूसरा मौका था, जब व्हाइट हाउस में ये धुन बजी थी. इस कार्यक्रम के दौरान मेहमानों को गोलगप्पे और समोसे भी परोसे गए.

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व्हाइट हाउस के मरीन बैंड ने सारे जहां से अच्छा की धुन बजाई.(Photo: X/Ajay Jain)
व्हाइट हाउस के मरीन बैंड ने सारे जहां से अच्छा की धुन बजाई.(Photo: X/Ajay Jain)

अमेरिका के व्हाइट हाउस में भारत के देशभक्ति गीत 'सारे जहां से अच्छा, हिंदोस्तां हमारा...' की धुन बजाई गई. इतना ही नहीं, व्हाइट हाउस में भारतीयों की पसंद गोलगप्पे और समोसे भी परोसे गए. इस दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन और उपराष्ट्रपति कमला हैरिस भी मौजूद रहे.

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दरअसल, व्हाइट हाउस में एशियन अमेरिकन, नेटिव हवाईयन और पैसिफिक आइलैंडर (AANHPI) हेरिटेज मंथ मनाया गया. इस कार्यक्रम के दौरान मेन्यू में कई भारतीय डिश परोसी गईं थीं.

भारतीय मूल के अमेरिकी नेता अजय जैन भुटोरिया ने बताया कि सालभर के भीतर ये दूसरी बार है जब व्हाइट हाउस में 'सारे जहां से अच्छा...' की धुन बजाई गई. इससे पहले पिछले साल 23 जून को ये धुन बजी थी. तब पीएम नरेंद्र मोदी अमेरिका की स्टेट विजिट पर थे. अजय जैन का कहना है कि व्हाइट हाउस में इस धुन का बजना भारत और अमेरिका की मजबूत दोस्ती को दिखाता है.

न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, व्हाइट हाउस मरीन बैंड ने दो बार इस गीत की धुन बजाई थी. इस गीत को मुहम्मद इकबाल ने लिखा था.

अजय जैन भुटोरिया ने बताया कि जैसे ही वो व्हाइट हाउस पहुंचे, वैसे ही 'सारे जहां से अच्छा...' की धुन बजाकर उनका स्वागत किया गया. उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के मेन्यू में गोलगप्पे और समोसे के साथ-साथ स्वीट डिश में खोया भी था.

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भुटोरिया ने बताया कि पिछले साल जब वो व्हाइट हाउस आए थे, तब भी यहां गोलगप्पे थे. उन्होंने बताया कि इस साल भी वो गोलगप्पे की तलाश में थे और तभी उन्हें एक सर्वर दिखा, जिसने उन्हें गोलगप्पे परोसे. इसका स्वाद थोड़ा तीखा था. इन गोलगप्पों को व्हाइट हाउस की एक्जीक्यूटिव शेफ क्रिस्टेटा कॉमरफोर्ड ने बनाया था.

अमेरिका में हर साल मई के महीने में AANHPI हेरिटेज मंथ मनाया जाता है. ये महीना इसलिए चुना गया क्योंकि पहला जापानी अप्रवासी मई 1843 में अमेरिका आया था.

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