इजरायल और फिलिस्तीनी आतंकी संगठन हमास के बीच शुरू हो चुकी खूनी जंग लगातार जारी है. दोनों ओर से करीब चार हजार लोगों की मौत हो चुकी है. इसी बीच ईरान के विदेश मंत्रालय ने बड़ा दावा किया है. ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि अगर इजरायल गाजा पट्टी पर एयरस्ट्राइक रोक दे तो हमास बंधंक बनाए गए करीब 200 लोगों को छोड़ने के लिए तैयार है. हालांकि, ईरान के इस बयान पर आतंकी संगठन हमास की ओर से कोई पुष्टि नहीं की गई है.
नासिर कनानी ने दावा करते हुए कहा कि हमास उन सभी इजरायली नागरिकों को छोड़ने की तैयारी कर रहा है, जिन्हें युद्ध के दौरान बंधक बनाया गया है. हालांकि, दिक्कत ये है हमास बंधंक बनाए गए लोगों को छोड़ने के लिए जरूरी कदम उठाने के लिए तैयार है, अगर इजरायल की तरफ से गाजा के अलग-अलग हिस्सों में लगातार बमबाजी रोक दी जाए.
वहीं ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नासिर कनानी ने हमास का जिक्र करते हुए यह भी कहा कि उन्हें (हमास) यह युद्ध जारी रखने में कोई परेशानी नहीं है. उनके पास इजरायल का सामना करने के लिए पर्याप्त सैन्य क्षमता है.
दूसरी ओर, ईरान ने इजरायल को चेतावनी भरे स्वर में कहा कि अगर आने वाले दिनों में उनकी तरफ से गाजा में लगातार ऐसी ही हिसंक तबाही जारी रखी जाएगी तो ईरान भी युद्ध में कूद जाएगा.
अमेरिका पर ईरान का अटैक
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नासिर कनानी ने इस बीच अमेरिका पर भी जमकर हमला बोला. नासिर कनानी ने इस युद्ध के पीछे अमेरिका को दोषी ठहराया. नासिर कनानी ने कहा कि फिलिस्तीन के खिलाफ इजरायल को अमेरिका का पूरी तरह से समर्थन है. युद्ध क्षेत्र में अपनी सेन्य टुकड़ी भेजने का मतलब साफ है कि अमेरिका जुल्म सहने वाले नहीं बल्कि जुल्म करने वालों के साथ है.
बंधकों को छुटाने की पूरी कोशिश कर रहा इजरायल
इजरायली सैन्य प्रवक्ता डेनियल हगारी ने कहा कि, हमारे 199 नागरिकों को बंधक बनाकर गाजा में रखा गया है, जिसकी सूचना हमने उन सभी लोगों के परिवारों को दे दी है. डेनियल हगारी ने आगे कहा कि जिन भी इजरायली नागरिकों को हमास ने बंधक बनाया है, उन्हें छुड़ाने की हर संभव कोशिश की जा रही है.
डेनियल ने कहा कि बंधक नागरिकों की सुरक्षित रिहाई ही हमारी सर्वोच्च राष्ट्रीय प्राथमिकता है. हम लगातार बंधक बनाए गए लोगों के बारे में जानकारी जुटा रहे हैं, साथ ही उन सभी के परिवारों के साथ भी संपर्क में है.
सेना के प्रवक्ता ने आगे कहा कि आईडीएफ और इजरायल की सरकार बंधकों को वापस देश लाने के लिए चौबीस घंटों काम कर रही है और हम उनकी रिहाई के लिए कुछ भी करने के लिए तैयार हैं.