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भारतीय लड़की की मौत का उड़ा मजाक, VIDEO सामने आने पर भारत ने की एक्शन की मांग, कौन थी जाह्नवी कांडुला?

Jaahnavi Kandula Case: भारतीय छात्रा जाह्नवी कांडुला अमेरिका में पढ़ाई करने गई थीं. उनकी पेट्रोलिंग कर रही पुलिस की कार ने टक्कर मारकर हत्या कर दी. अब एक वायरल वीडियो में उनकी मौत का मजाक भी उड़ता देखा गया है.

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अमेरिकी पुलिस अधिकारी ने भारतीय लड़की की मौत का मजाक उड़ाया (तस्वीर- X)
अमेरिकी पुलिस अधिकारी ने भारतीय लड़की की मौत का मजाक उड़ाया (तस्वीर- X)

अमेरिका में एक भारतीय लड़की की मौत के बाद काफी हंगामा बरपा हुआ है. यहां की पुलिस पर लोग आग बबूला हो रहे हैं. खासतौर से भारतीय अमेरिकी समुदाय के लोगों में पुलिस को लेकर भारी गुस्सा है. भारत की तरफ से एक्शन की मांग की गई है. दरअसल यहां के सिएटल शहर में जाह्नवी कांडुला नाम की भारतीय लड़की की पुलिस की कार से टक्कर लगने के बाद मौत हो गई थी. उन्हें अमेरिका के पुलिस अफसर ने पेट्रोलिंग करते वक्त अपनी ही गाड़ी से जोरदार टक्कर मार दी. 

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हादसा कितना भयानक था, इसका अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि जाह्नवी कार से 100 फीट दूर जाकर गिरी थीं. इस गाड़ी को पुलिस अफसर कैविन डेव चला रहा था. कार की स्पीड 119 किलोमीटर प्रति घंटा थी. जाह्नवी 23 साल की थीं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्हें तुरंत हार्बरव्यू मेडिकल सेंटर ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित किया गया. 

आंध्र प्रदेश की रहने वाली जाह्नवी कांडुला साउथ लेक यूनियन में नॉर्थईस्टर्न यूनिवर्सिटी कैंपस से मास्टर डिग्री की पढ़ाई कर रही थीं. वो 2021 में एक स्टूडेंट एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत बेंगलुरु से अमेरिका आई थीं और इस साल दिसंबर में ग्रेजुएट होने वाली थीं. सिएटल टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, जाह्नवी की मां एक सिंगल मदर हैं. वो प्राथमिक विद्यालय में बच्चों को पढ़ाती हैं. उन्होंने अपनी बेटी को अमेरिका में पढ़ाने के लिए कर्ज लिया था. जाह्नवी की मौत जनवरी 2023 में हुई.

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पुलिस ने उड़ाया मौत का मजाक?

इसके एक दिन बाद सिएटल के एक अन्य पुलिस अफसर का वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वो जाह्नवी की मौत का मजाक उड़ाता दिखा. इस वायरल वीडियो से साफ पता चलता है कि अमेरिकी पुलिस की मानसिकता कितनी घटिया हो सकती है. अफ्रीकी अमेरिकियों के प्रति इनके व्यवहार से तो हर कोई वाकिफ था. लेकिन अब पता चला है कि ये हर उस शख्स के प्रति ऐसा ही रवैया रखती है, जो इनके श्वेत समुदाय से नहीं हैं. 

इनकी नजर में उनकी जान की कोई कीमत नहीं है. अमेरिकी पुलिस अफसर का जो वीडियो वायरल हुआ है, उसमें वो जाह्नवी की मौत का मजाक उड़ाता दिखता है. इस मामले में भारत की तरफ से कहा गया कि वो आगे की जांच चाहता है. वो जानना चाहता है कि पुलिस अधिकारी के खिलाफ कोई एक्शन लिया गया या नहीं.

वीडियो में क्या बोल रहा था पुलिस अफसर?

अमेरिका में पुलिस की वर्दी पर एक कैमरा लगा होता है. क्योंकि सरकार को भी पुलिस पर भरोसा नहीं होता. खासकर जॉर्ज फ्लॉयड की हत्या के बाद. लेकिन कैमरा लगे होने के बावजूद भी ये लोग बेखौफ ही रहते हैं. वायरल वीडियो एक अन्य अफसर डेनियल ऑडरर का है. उस पर आरोप है कि उसने इस मामले को काफी छोटा दिखाने की कोशिश की. उसने जाह्नवी को नहीं मारा. लेकिन वो इस मौत के बाद जो कुछ बोल रहा है, वो बेहद शर्मनाक है. वो मौत पर बात करते हुए हंसने भी लगता है. उसके हिसाब से ये एक छोटी सी घटना थी.

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ऑडरर वीडियो में बोलता है कि 26 साल की लड़की थी. अमेरिकन नहीं थी. भारत से आई थी. उसकी 'लिमिटेड वैल्यू' थी. इनका मानना है कि उनकी जान की कोई वैल्यू नहीं थी. वीडियो जाह्नवी की मौत के अगले दिन का बताया जा रहा है. 

वीडियो को सिएटल पुलिस विभाग की तरफ से जारी किया गया है. फुटेज ऑडरर के बॉडी कैमरा से लिया गया. जिसमें वो इस घटना का मजाक उड़ाता और इस पर हंसता हुआ सुना जा सकता है. ऑडरर सिएटल पुलिस ऑफिसर्स गिल्ड का वाइस प्रेजिडेंट है. वो उस वक्त कथित तौर पर गिल्ड के प्रेजिडेंट माइक सोलान के साथ घटना को लेकर फोन पर बात कर रहा था. इस दौरान वो बोलता है- 'वो मर गई'. फिर कई बार हंसता है. वीडियो के आखिर में उसे बोलते हुए सुना जा सकता है, 'हां, चेक करने के लिए बस अभी लिखा. 11 हजार डॉलर. वैसे तो 26 की थी... उसकी लिमिटेड वैल्यू थी.'

कैमरा ऑफ ड्यूटी बंद हो जाता है. लेकिन डेनियल ऑडरर का कैमरा ऑन ही रह गया. जब पुलिस प्रशासन ने उससे उसकी भाषा को लेकर सवाल पूछा तो ऑडरर का जवाब था, कि वो तो बस जस्टिस डिपार्टमेंट पर हंस रहा था कि लड़की मौत हो गई, फिर भी कुछ नहीं कर रहे. हालांकि इस रिकॉर्डिंग को सुनने के बाद कोई भी बोल सकता है कि जाह्नवी को मारने वाले अफसर को बचाने की कोशिश हुई है और एक दिन बाद ही पुलिस अफसर इस घटना पर हंस भी रहे हैं. लोगों को एक गलतफहमी ये हो रही है कि वीडियो वाले पुलिस अफसर ने ही जाह्नवी को टक्कर मारी थी. ऐसा नहीं है. उनकी जान लेने वाली पुलिस अफसर का नाम कैविन डेव है. जबकि मौत का मजाक उड़ाने वाले अफसर का नाम डेनियल ऑडरर है. 

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भारत में उठ रही एक्शन की मांग

भारत में लोग मांग कर रहे हैं कि जाह्नवी को मारने वाले पुलिस अफसर से लेकर इस मामले को कवर अप करने वाले अधिकारियों तक, सभी को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए. आंध्र प्रदेश के राजनेता केटीआर की तरफ से भी इस मामले में ट्वीट किया गया है. इसमें उन्होंने लिखा है कि वो पुलिस अधिकारी की टिप्पणियों से काफी दुखी और परेशान हैं. उन्होंने भारत में अमेरिकी दूतावास से अनुरोध किया है कि वो अमेरिकी सरकार के समक्ष इस मुद्दे को उठाएं और जाह्नवी कांडुला के परिवार को न्याय दिलाएं.

उन्होंने विदेश मंत्री एस जयशंकर को भी अपने ट्वीट में टैग करते हुए लिखा है कि इस मामले को अपने समकक्ष के सामने उठाएं और मामले की स्वतंत्र जांच की मांग करें. केटीआर ने लिखा कि ये दुखद है कि ऊंची महत्वाकांक्षाओं वाली एक युवा लड़की का जीवन छोटा कर दिया गया है, लेकिन इससे भी अधिक दुखद और चौंकाने वाली बात ये है कि उसके जीवन को 'लिमिटेड वैल्यू' वाला बताया गया. हंगामे के बीच सैन फ्रांसिस्को स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास ने भी घटना की जांच की मांग की है.
 
भारतीय अमेरिका समुदाय ने किया विरोध

भारतीय अमेरिकी नेता रो खन्ना ने ट्वीट कर कहा, 'जाह्नवी कांडुला भारत से ग्रेजुएशन के लिए यहां आई थीं. एक तेज रफ्तार पुलिस की कार ने क्रॉसवॉक पर उनकी हत्या कर दी और पुलिस अफसर ऑडरर ने कहा कि उनके जीवन की "लिमिटेड वैल्यू" थी. मैंने अपने पिता के बारे में सोचा, जो 20 साल की उम्र में यहां आए थे. ऑडरर, प्रत्येक भारतीय आप्रवासी का जीवन 'इन्फिनेट वैल्यू' (अनंत मूल्य) का है. जो कोई भी ये सोचता है कि इंसानी जीवन की "लिमिटेड वैल्यू" है, उसे कानून प्रवर्तन में अपनी सेवा नहीं देनी चाहिए.'

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बड़ी संख्या में भारतीय छात्र पढ़ाई करने के लिए अमेरिका जाते हैं. वो इसके लिए लाखों करोड़ों रुपये खर्च करते हैं. लेकिन अमेरिकी पुलिस की नजर में अगर उनकी जान की कोई कीमत ही नहीं है, तो क्यों उनके परिवार वाले उन्हें इतना दूर भेज रहे हैं? यानी कल को इन्हें भी कोई पुलिस वाला मार देगा और बोलेगा कि उनकी जान की कोई कीमत नहीं है. इस घटना ने एक बार फिर अमेरिका में फैले नस्लवाद की तरफ लोगों का ध्यान खींचा है. अश्वेत नागरिक जॉर्ज फ्लॉयड की हत्या भी पुलिस अफसर ने ही की थी. इसकी भी तस्वीर वायरल हुई थी. जिसमें पुलिस वाला उनकी गर्दन पर पैर रखे हुए था. ज्यादा से ज्यादा पुलिस अफसरों को सस्पेंड कर दिया जाता है, वो भी वेतन सहित. 

भारत ने जांच करने की मांग की

भारत की तरफ से बुधवार को घटना में जांच की मांग की गई है. वीडियो के सामने आने के बाद सैन फ्रांसिस्को में भारत के महावाणिज्य दूतावास ने एक्स (पहले ट्विटर) पर लिखा, 'जनवरी में सिएटल में एक सड़क दुर्घटना में जाह्नवी कांडुला की मौत से जुड़ी हालिया मीडिया रिपोर्ट्स बेहद परेशान करने वाली हैं. हमने इस दुखद मामले में शामिल लोगों के खिलाफ गहन जांच और कार्रवाई के लिए सिएटल और वाशिंगटन स्टेट के स्थानीय अधिकारियों के साथ-साथ वाशिंगटन डीसी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ इस मामले को दृढ़ता से उठाया है. वाणिज्य दूतावास और दूतावास सभी संबंधित अधिकारियों के साथ इस मामले पर बारीकी से नजर रखे हुए हैं.'

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