scorecardresearch
 

4000KM दूर से साइंटिस्ट ने भेजा SOS मैसेज, रिसर्च स्टेशन में यौन उत्पीड़न का लगाया आरोप

अंटार्कटिका के साने IV रिसर्च स्टेशन से एक वैज्ञानिक टीम ने शारीरिक और यौन उत्पीड़न के साथ-साथ मौत की धमकियों की रिपोर्ट करते हुए आपातकालीन मदद की मांग की है. 10 सदस्यीय टीम इस चुनौतीपूर्ण स्थिति में सुरक्षा को लेकर चिंता में है, जबकि दक्षिण अफ्रीकी सरकार स्थिति की निगरानी कर रही है.

Advertisement
X
अंटार्कटिका की बर्फ
अंटार्कटिका की बर्फ

दक्षिण अफ्रीका के Sanae IV रिसर्च स्टेशन से एक गंभीर मामला सामने आया है. ये रिसर्च स्टेशन अंटार्कटिका की बर्फ की चट्टानों से लगभग 100 मील दक्षिण और केप टाउन से 2,600 मील की दूरी पर स्थित है. यहां तैनात वैज्ञानिकों के एक ग्रुप ने ईमेल के जरिए SOS मैसेज भेजा और इमरजेंसी हेल्प की गुहार लगाई.

Advertisement

एक साइंटिस्ट ने आरोप लगाया है कि उनका शारीरक शोषण और यौन उत्पीड़न किया गया और उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई. सर्दियों के तूफानों और बर्फ के कारण, वे दिसंबर तक अगले 10 महीनों तक वहां बने रहेंगे. बताया जा रहा है कि ईमेल में वैज्ञानिकों ने 'तत्काल कार्रवाई' की मांग की है.

यह भी पढ़ें: 6 साल की मासूम के यौन शोषण के दोषी को 20 साल की सजा, लालच देकर ले गया था घर

10 सदस्यों की टीम को सुरक्षा की चिंता

ईमेल में वैज्ञानिकों के ग्रुप ने बताया कि टीम में एक शख्स ने कथित तौर पर एक सहयोगी पर हमला किया और आगे हिंसा की धमकियां दी. 10 सदस्यीय टीम को अपने सुरक्षा की चिंता हो रही है क्योंकि माना जा रहा है कि यह शख्स पूरे समूह के लिए खतरा है. एक टीम सदस्य ने उसे यौन उत्पीड़न का भी आरोपी बताया है.

Advertisement

पहले भी रिसर्च स्टेशन पर हुई घटनाएं

दक्षिण अफ्रीका की सरकार ने पुष्टि की है कि स्टेशन पर एक हमला हुआ था, जबकि पहले भी इस तरह के अनुचित व्यवहार की शिकायतें की गई थीं. दक्षिण अफ्रीका के पर्यावरण मंत्री, डियोन जॉर्ज ने इस घटना को स्वीकार किया और कहा कि वे "विकल्पों पर विचार कर रहे हैं", जिनका विभाग देश के अंटार्कटिक्स कार्यक्रम का प्रबंधन करता है.

यह भी पढ़ें: छात्राओं का यौन शोषण, वीडियो किए रिकॉर्ड, खुलासा होने पर हुआ फरार...कहां है हाथरस का 'अय्याश' प्रोफेसर रजनीश?

सरकारे के मंत्री हालात की कर रहे निगरानी!

पर्यावरण मंत्रालय ने कहा कि जब जहाज 1 फरवरी को रवाना हुआ, "सब कुछ ठीक था." इस घटना को मंत्रालय को पहली बार 27 फरवरी को रिपोर्ट किया गया था. विभाग ने बताया कि एक सरकारी मंत्री स्थिति की व्यक्तिगत रूप से निगरानी कर रहे हैं. मंत्रालय ने यह भी पुष्टि की कि आरोपी ने पीड़िता से औपचारिक माफी मांगी है.

Live TV

Advertisement
Advertisement