रूस ने गुरुवार को यूक्रेन पर हमला कर दिया. रूसी सेना का दावा है कि उसने यूक्रेन के 83 सैन्य ठिकानों को तबाह कर दिया. इनमें 11 एयरबेस भी शामिल हैं. रूसी सेना ने पहले दिन के हमले को सफल बताया है. उधर, यूक्रेन में हमले को लेकर नाटो समेत दुनिया के तमाम देशों ने रूस के खिलाफ प्रतिबंधों का ऐलान कर दिया. इतना ही नहीं राजधानी मॉस्को में भी यूक्रेन पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए.
रूस की राजधानी मॉस्को में बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी इकट्ठा हुए. ये प्रदर्शनकारी यूक्रेन पर हमले का विरोध कर रहे थे. रूसी पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे करीब 1700 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया. रूसी अधिकारियों ने यूक्रेन के लिए सहानुभूति रखने वाले प्रदर्शनकारियों को प्रदर्शन न करने की चेतावनी भी दी.
रूस ने माना- दुर्घटनाग्रस्त हुआ विमान
रूसी रक्षा मंत्री सर्गेई शोइगु ने आदेश दिया कि यूक्रेन के सैनिकों से सम्मान के साथ व्यवहार किया जाए और जो लोग अपने हथियार डालते हैं, उन्हें सुरक्षित कॉरिडोर की पेशकश की जाए. इतना ही नहीं रूसी रक्षा मंत्री ने माना है कि यूक्रेन पर हमले के वक्त एक Su-25 जेट दुर्घटनाग्रस्त हो गया. हालांकि, उन्होंने इसे पायलट की गलती करार दिया.
पीएम मोदी ने की राष्ट्रपति पुतिन से बात
रूस और यूक्रेन के बीच जारी जंग के बीच पीएम मोदी ने रूसी राष्ट्रपति पुतिन से फोन पर बात की है. पीएम मोदी ने जोर देकर कहा है कि बातचीत के जरिए ही कोई हल निकाला जा सकता है. उनके मुताबिक कूटनीति के जरिए ही शांति स्थापित की जा सकती है. वहीं पीएम मोदी ने पुतिन के सामने भारतीयों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया है. इसके अलावा पीएम ने हिंसा का छोड़ने की बात भी कही है. उन्होंने कहा कि बातचीत से मामले में हल निकाला जाना चाहिए.
25 मिनट की बातचीत में पीएम मोदी ने सबसे ज्यादा इसी बात पर जोर दिया कि युद्ध से किसी भी तरह का समाधान नहीं निकलने वाला है. पीएम मोदी के मुताबिक, अगर रूस के नाटों देशों संग विवाद हैं तो वो भी सिर्फ बातचीत के जरिए हल होने चाहिए. बातचीत में पीएम मोदी ने यूक्रेन में फंसे भारतीयों पर भी विस्तार से चर्चा की. पीएम ने यह भी साफ कर दिया कि वहां फंसे भारतीयों की सुरक्षा भारत सरकार के लिए सबसे ज्यादा जरूरी है. दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि आगे भी हर मुद्दे पर मंथन किया जाएगा और कूटनीतिक चैनल को मजबूत करने का काम किया जाएगा.