अमेरिका ने कह दिया है कि वो भारत को 31 MQ-9B स्काई गार्जियन (MQ-9B Sky Guardian) ड्रोन देगा. ये दुनिया का सबसे घातक और चुपके से हमला करने वाला ड्रोन है. इसलिए इसे अमेरिका हंटर-किलर कैटगरी में रखता है. क्योंकि शिकारी भी है और हत्यारा भी. (फोटोः जनरल एटॉमिक्स)
MQ-9B स्काई गार्जियन के निशाने से किसी का बचना बेहद मुश्किल है. ये ड्रोन चमगादड़ की तरह रात में देख सकता है. उल्लू की तरह शांति से उड़ता है. बाज की तरह हमला करके गायब हो जाता है. यह एक घातक और जानलेवा शिकारी है. यह दुनिया का सबसे खुफिया और ताकतवर जासूस भी है. (फोटोः जनरल एटॉमिक्स)
MQ-9B लॉन्ग रेंज एंड्योरेंस ड्रोन है. जो हवा से जमीन पर मार करने वाली मिसाइलों से लैस होता है. इसमें लगे R9X Hellfire Missile से अलकायदा सरगना जवाहिरी के अड्डे पर हमला किया गया है. ये मिसाइल दगने पर कोलेटरल डैमेज कम होता है. (फोटोः गेटी)
मानवरहित उड़ान भरने वाला MQ-9B स्काई गार्जियन जॉय स्टिक से उड़ता है. इसे दूर बैठकर कंप्यूटर से उड़ाते हैं. इसे अमेरिकी कंपनी जनरल एटॉमिक्स बनाती है. यह किसी भी तरह के मिशन के लिए भेजा जा सकता है. जैसे- सर्विलांस, जासूसी, सूचना जमा करना या फिर दुश्मन के ठिकाने पर हमला. (फोटोः गेटी)
यह ड्रोन ज्यादा ऊंचाई से निगरानी करने में सक्षम हैं. इसकी रेंज 1900 km है. इसमें 1700 kg हथियार लगा सकते हैं. इसे दो कंप्यूटर ऑपरेटर्स मिलकर चलाते हैं. एक नेविगेशन और उड़ान देखता है. दूसरा हथियारों को दागने का काम करता है. (फोटोः गेटी)
इस ड्रोन की लंबाई 36.1 फीट, विंगस्पैन 65.7 फीट, ऊंचाई 12.6 फीट है. ड्रोन का खाली वजन 2223 kg है. जिसमें 1800 kg ईंधन भरा जा सकता है. (फोटोः गेटी)
यह अधिकतम 482 km/hr की स्पीड से 50 हजार फीट की ऊंचाई पर उड़ान भरता है. वहीं से मिसाइल हमला कर सकता है. लेकिन आमतौर पर इसे 25 हजार फीट की ऊंचाई पर उड़ाते हैं. इतनी उंचाई से ही यह कई देशों में आतंकी ठिकानों पर हमला कर चुका है. (फोटोः गेटी)
इस ड्रोन में सिर्फ मिसाइलें लगती हैं. इसमें सात मिसाइलों को लगाने की जगह होती हैं. दो इनबोर्ड स्टेशन, दो मिडल स्टेशन एक आउटबोर्ड स्टेशन और सेंटर स्टेशन. इसमें ज्यादातर AGM-114 Hellfire मिसाइलें लगाते हैं. ये हवा से जमीन पर सटीक हमला करती हैं. (फोटोः गेटी)
इसके अलावा दो लेजर गाइडेड GBU-12 Paveway II बम भी लगा सकते हैं. इन दोनों के बजाय आप इस ड्रोन पर अलग-अलग तरीके के हथियारों का उपयोग कर सकते हैं. जैसे- GBU-38, जो एक ज्वाइंट डायरेक्ट अटैक एम्यूनिशन है. (फोटोः गेटी)
इसके अलावा ब्रिमस्टोन मिसाइल लगा सकते हैं. इसके अंदर खास तरह के राडार हैं. पहला राडार है AN/DAS-1 MTS-B Multi-Spectral Targeting System जो किसी भी तरह के टारगेट को खोजकर उसपर हमला करने में मदद करता है. (फोटोः गेटी)
दूसरा है- AN/APY-8 Lynx II radar, यह निगरानी और जासूसी में मदद करता है. तीसरा है Raytheon SeaVue Marine Search Radar जिससे यह ड्रोन समुद्र की गहराई में छिपी पनडुब्बियों को भी खोज लेता है. (फोटोः गेटी)