कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया में लोगों को घरों में कैद रहने पर मजबूर कर दिया. इस बीच पाकिस्तान के स्कूलों की कुछ तस्वीरें आई हैं, जहां बच्चे छह महीने के लंबे अंतराल के बाद स्कूल पहुंचे हैं.
(Image: AP)
स्कूलों में बच्चों को मास्क पहनना और सोशल डिस्टेंसिंग फॉलो करना जरूरी किया गया. गल्फ न्यूज के अनुसार, स्कूलों में आने वाले बच्चों का दो हफ्ते के बाद कोरोना टेस्ट किया जाएगा.
(Image: AP)
बता दें कि भारत में जहां 21 सितंबर को नौवीं से 12वीं तक के स्कूल खुल रहे हैं, वहीं पाकिस्तन में एक हफ्ते पहले यानी 15 सितंबर से ही स्कूल खुल गए. स्कूलों के बाहर थर्मल गन से बच्चों का फीवर टेस्ट किया गया.
(Image: AP)
पाकिस्तान के स्कूलों में बच्चों के लिए क्लासरूम में भी परिवर्तन किए गए थे. हर छात्र के लिए बैठने के लिए छह फीट तक की दूरी की गई.
(Image: AP)
स्कूल के प्रवेश द्वार पर ही कर्मचारी बच्चों को सैनिटाइज कर रहे थे. इसके अलावा बच्चों ने स्कूलों में सोशल डिस्टेंसिंग फॉलो करते हुए प्रवेश लिया. इसके लिए कई स्कूलों के बाहर गोले बनाकर प्रवेश दिया जा रहा था.
(Image: AP)
स्टूडेंट्स के लिए क्लासरूम में भी मास्क नहीं उतारने या एक दूसरे से कोई सामान साझा न करने का प्रोटोकॉल लागू था. कई स्कूलों में पहले ही दिन काफी संख्या में छात्र पहुंचे.
(Image: AP)
स्कूल के बाहर ही कर्मचारियों को तैनात किया गया था. जो स्टूडेंट्स के हाथों को सैनिटाइजर के जरिये कोरोना रहित करने के प्रयास में लगे थे. गर्ल्स स्कूलों में भी छात्राओं की संख्या अच्छी खासी रही.
(Image: AP)
वहीं पाकिस्तान के उच्च शिक्षा संस्थान भी 15 सितंबर से ही खुल गए हैं. यहां भी स्टूडेंट्स की आमद काफी अच्छी रही. सभी सरकार की हेल्थ एडवाइजरी और कोविड 19 प्रोटोकॉल का अनुसरण करते नजर आ रहे थे.
(Image: AP)
बता दें कि कोरोना से जंग को लेकर पाकिस्तान की काफी तारीफ हो रही है. डब्ल्यूएचओ ने दूसरे देशों को पाकिस्तान से सीखने की नसीहत दी थी. वहीं स्कूलों में भी कोरोना को लेकर बचाव तस्वीरों में नजर आ रहा है.
(Image: AP)